by: vijay nandan
भोपाल: मध्य प्रदेश में युवक कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष पद के चुनाव को लेकर वोट चोरी के आरोपों के बाद विवाद गहरा गया है। बताया जाता है कि मध्य प्रदेश में यूथ कांग्रेस के चुनाव में वोट चोरी और धांधली की शिकायत के बाद अध्यक्ष के नाम का ऐलान होल्ड पर रख दिया गया है। यूथ कांग्रेस के चुनाव में वोट चोरी और धांधली की शिकायत के बाद दिल्ली में जमकर विवाद हुआ।
चुनाव में पहले नम्बर पर आए यश घनघोरिया को लाभ पहुंचने के आरोप लगे। यूथ कांग्रेस का चुनाव कराने वाली बेंगलुरु की एजेंसी भी शक के दायरे में आ गई है। इतना ही नहीं चुनाव परिणाम आने के बाद पहले, दूसरे और तीसरे उम्मीदवार को दिल्ली तलब किया गया है। चुनाव में धन के लेनदेन के आरोप भी लगे हैं।

बता दें कि बीजेपी प्रदेश कार्यालय में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर विश्वास सारंग ने कहा कि मध्यप्रदेश में हाल ही में हुए युवा कांग्रेस के चुनाव में जमकर वोट चोरी हुई है। राहुल गांधी देशभर में वोट चोरी के मिथ्या आरोप लगा रहे हैं, जबकि उनकी अगुवाई वाली कांग्रेस पार्टी के अंदर ही वोट चोरी हो गई है। राहुल गांधी ने मध्यप्रदेश युवा कांग्रेस में वोट चोरी किए हैं। राहुल गांधी की अगुआई में मध्यप्रदेश में युवा कांग्रेस के चुनाव कराए गए, जिसमें वोट चोरी हुए। राहुल गांधी बताएं मध्यप्रदेश में युवा कांग्रेस चुनाव में साढ़़े आठ लाख वोट होल्ड और रिजेक्ट किए, यह किसने चुराए।
मंत्री विश्वास सारंग ने कांग्रेस से सवाल पूछते हुए कहा कि क्या यह वोट राहुल गांधी के इशारे पर चोरी हुए हैं? कांग्रेस नेताओं ने मध्यप्रदेश में युवा कांग्रेस के चुनाव में वोट चोरी कर किसान के बेटे अभिषेक परमार को हराया और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता लखन घनघोरिया के बेटे यश को चुनाव में जिताया। कांग्रेस पार्टी का यह चुनाव भी वंशवाद और परिवारवाद की राजनीति की भेंट चढ़ गया है। इस चुनाव ने भी कांग्रेस की परिवारवाद और वंशवाद की राजनीति को स्थापित किया है।





