रिपोर्ट- प्रमोद श्रीवास्तव
Symbolic Impeachment : नई दिल्ली, चुनाव आयोग के खिलाफ विपक्ष का विरोध अब नए सियासी रूप में सामने आया है… दिल्ली में इंडिया ब्लॉक के 21 विपक्षी दलों ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ प्रतीकात्मक सार्वजनिक इम्पीचमेंट किया… कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के आवास पर संसद की कार्यवाही की तर्ज पर पूरा कार्यक्रम आयोजित हुआ… पूर्व लोकसभा अध्यक्ष मीरा कुमार ने कार्यवाही की अध्यक्षता की, तो खड़गे ने प्रस्ताव पेश किया… विपक्ष का आरोप है कि SIR के जरिए मतदाता सूची में गड़बड़ियां हुई हैं और चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर सवाल खड़े होते हैं…

Symbolic Impeachment : ज्ञानेश के खिलाफ जनमहाभियोग, 21 विपक्षी दलों का सियासी प्रयोग
विपक्ष के इस आयोजन के पीछे SIR यानी स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन और कथित वोट चोरी का मुद्दा है… विपक्षी दलों का आरोप है कि मतदाता सूची से नाम हटाने और चुनावी अनियमितताओं के जरिए लोकतांत्रिक प्रक्रिया प्रभावित हो रही है… विपक्ष ने मुख्य चुनाव आयुक्त से इस्तीफे की मांग भी उठाई है…प्रतीकात्मक इम्पीचमेंट के जरिए विपक्ष ने अपनी राजनीतिक एकजुटता दिखाने की कोशिश की…कार्यक्रम को एक नवंबर को दिल्ली के रामलीला मैदान में होने वाली ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ महारैली से भी जोड़कर देखा जा रहा है…
#WATCH | Delhi: A motion seeking the impeachment of Chief Election Commissioner (CEC) Gyanesh Kumar was passed by INDIA bloc leaders during a symbolic public impeachment programme organised against him.
— ANI (@ANI) October 31, 2026
(Video Source: AICC) pic.twitter.com/uEhw0jNoG3
Symbolic Impeachment : संसद की अनुमति के बिना फॉर्म-6 बदला, वोटर हटाए; 6 आरोप
मॉक पार्लियामेंट में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने चुनाव आयोग की निष्पक्षता को लेकर सरकार पर तमाम आरोप लगाए। मॉक संसद में बोले मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि CEC ज्ञानेश कुमार ने आपराधिक कृत्य किया। उन्होंने कहा- हमारी मांग है सीईसी को तत्काल पद से हटाकर 2023 का कानून रद़्द हो। SIR को रोका जाए। संसद की अनुमति के बिना फॉर्म-6 बदला गया। जान-बूझकर वोटर हटाए गए। केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि एक परिवार की पार्टी बाहरी ताकतों के साथ मिलकर हमारे संविधान और भारतीय लोकतंत्र को खत्म करने की कोशिश कर रही है।
Symbolic Impeachment : संसद की तर्ज पर कार्यवाही, 21 विपक्षी दलों का सियासी प्रयोग
खड़गे ने कहा- यह साफ है कि उन्हें मिला कानूनन जीवनदान, पीएम मोदी और शाह ने दिया है, जो दिसंबर 2023 में दिया गया। यह अपराध है। जो देश के संविधान के खिलाफ है। इसलिए उन्हें पद से तुरंत हटाया जाए।आखिर में देश की 60 प्रतिशत जनता के प्रतिनिधि के तौर पर इंडिया ब्लॉक यह मांग करता है कि उन्हें सलाखों के पीछे भेजा जाए।खड़गे ने कहा- वोट के अधिकार को ही हम बचा रहे हैं। नहीं तो कब के मर जाते या गुलाम ही रह जाते। RSS ने आपत्ति जताई थी। कहा था- मत दो आप पछताएंगे। मैं बताऊंगा पंडित नेहरू ने क्या कहा था।
Symbolic Impeachment : सार्वजनिक इम्पीचमेंट का आयोजन, विपक्ष का सियास प्रोयजन
• ज्ञानेश कुमार के खिलाफ विपक्ष का प्रतीकात्मक महाभियोग
• संसद की तर्ज पर हुई कार्यवाही, 21 विपक्षी दलों की भागीदारी
• ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ रैली से पहले विपक्ष का साझा प्रदर्शन
•Symbolic Impeachment : विपक्ष की संसद में खड़गे बोले-ज्ञानेश को हटाएं, SIR रोकें
• संसद की अनुमति के बिना फॉर्म-6 बदला, वोटर हटाए; 6 आरोप
• संवैधानिक संस्थाओं पर सवाल, चुनाव आयोग की विश्वसनीयता पर बवाल
• SIR और कथित वोट चोरी को लेकर चुनाव आयोग पर विपक्ष के सवाल।
• इंडिया ब्लॉक ने आयोजित किया प्रतीकात्मक सार्वजनिक इम्पीचमेंट।
• पूर्व लोकसभा अध्यक्ष मीरा कुमार ने कार्यवाही की अध्यक्षता की।
• मल्लिकार्जुन खड़गे ने ज्ञानेश कुमार के खिलाफ प्रस्ताव पेश किया।
• संसद की कार्यवाही की तर्ज पर तैयार किया गया पूरा कार्यक्रम।


