Netanyahu on ceasefire: इजरायली प्रधानमंत्री Benjamin Netanyahu ने ईरान के साथ जारी तनाव को लेकर कड़ी चेतावनी दी है। उन्होंने कहा कि युद्धविराम ज्यादा समय तक नहीं चल सकता। उनका कहना था कि यदि इजरायल ने समय रहते सैन्य कदम नहीं उठाए होते, तो ईरान के परमाणु ठिकाने बड़े विनाश का कारण बन सकते थे।
Netanyahu on ceasefire: ईरान पर नियम तोड़ने का आरोप
इजरायली प्रधानमंत्री ने आरोप लगाया कि Iran ने अंतरराष्ट्रीय नियमों का उल्लंघन किया है। उन्होंने कहा कि इसी वजह से Donald Trump ने सख्त कदम उठाते हुए नाकेबंदी और नौसैनिक घेराबंदी जैसे फैसले लिए, जिनका इजरायल समर्थन करता है।
Netanyahu on ceasefire: अमेरिका से लगातार संपर्क में इजरायल

नेतन्याहू ने बताया कि उनकी JD Vance से बातचीत हुई है। इस दौरान उन्हें अमेरिका और ईरान के बीच चल रही बातचीत की जानकारी दी गई। उन्होंने कहा कि अमेरिका का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि ईरान परमाणु संवर्धन की दिशा में आगे न बढ़े।
Netanyahu on ceasefire: नाजी यातना शिविरों का दिया उदाहरण
अपने बयान में नेतन्याहू ने द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान बने कुख्यात नाजी कैंप—Auschwitz, Sobibor और माजदानेक—का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि अगर समय पर कार्रवाई न होती, तो हालात उतने ही भयावह हो सकते थे।
Netanyahu on ceasefire: ईरान ने जताई बातचीत की इच्छा
इस बीच भारत में ईरान के राजदूत मोहम्मद फथाली ने संकेत दिए हैं कि ईरान अमेरिका के साथ एक और दौर की बातचीत के लिए तैयार है, लेकिन इसके लिए अमेरिका को उनकी शर्तों का सम्मान करना होगा। उन्होंने यह भी कहा कि क्षेत्रीय स्थिरता के लिए संवाद जरूरी है।
Netanyahu on ceasefire: इस्लामाबाद वार्ता रही बेनतीजा
हाल ही में Islamabad में अमेरिका और ईरान के बीच हुई बातचीत किसी ठोस नतीजे पर नहीं पहुंच सकी। इसके बाद क्षेत्र में तनाव और बढ़ने की आशंका जताई जा रही है।
Netanyahu on ceasefire: पश्चिम एशिया में बढ़ती अनिश्चितता
मौजूदा हालात को देखते हुए पश्चिम एशिया में अस्थिरता बढ़ती दिखाई दे रही है। कूटनीतिक प्रयास जारी हैं, लेकिन स्थिति कब तक नियंत्रण में रहेगी, यह आने वाले समय पर निर्भर करेगा।
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