Report: Avinash Shrivastva
Rohtas Akodhigola Snake Bite Tragic Child Death बिहार के रोहतास जिले के अकोढ़ीगोला थाना क्षेत्र से अंधविश्वास और समय पर इलाज न मिलने के कारण एक मासूम की मौत का बेहद हृदयविदारक मामला सामने आया है। यहाँ के छावनी गांव में एक विषैले सांप के डसने के बाद परिजन बच्चे को अस्पताल ले जाने के बजाय झाड़-फूंक के चक्कर में ओझा-गुनी के पास ले गए। सही समय पर एंटी-वेनम (Anti-Venom) इंजेक्शन न मिलने के कारण महज 3 साल के मासूम ने दम तोड़ दिया। घटना के बाद इलाके के प्रसिद्ध स्नेक कैचर अमरनाथ गुप्ता ने मौके पर पहुंचकर उस जानलेवा सांप को सुरक्षित रेस्क्यू किया। इस दर्दनाक हादसे के बाद पूरे छावनी गांव में मातम पसरा हुआ है।
Rohtas Akodhigola Snake Bite Tragic Child Death सोते समय जहरीले नाग ने मासूम को डसा
प्राप्त जानकारी के अनुसार, छावनी गांव के रहने वाले मिथिलेश राम का 3 वर्षीय पुत्र रात में घर पर सोया हुआ था। इसी दौरान एक विशालकाय विषैले सांप ने मासूम को डस लिया। बच्चे के रोने और चिल्लाने पर परिजनों को सर्पदंश की जानकारी हुई।
Rohtas Akodhigola Snake Bite Tragic Child Death अस्पताल के बदले झाड़-फूंक के चक्कर में गंवाया कीमती समय
इस घटना के बाद जो सबसे बड़ी लापरवाही सामने आई, वह जागरूकता की कमी और अंधविश्वास था:
- ओझा के पास पहुंचे परिजन: बच्चे की हालत बिगड़ने पर परिजन उसे तुरंत किसी नजदीकी सरकारी अस्पताल या डॉक्टर के पास ले जाने के बजाय स्थानीय ओझा-गुनी के पास ले गए और तांत्रिक विधि से झाड़-फूंक कराने लगे।
- तड़पकर हुई मौत: कई घंटों तक चले झाड़-फूंक के ड्रामे के बीच सांप का जहर मासूम के पूरे शरीर में फैल गया। जब तक परिजन कुछ समझ पाते, तब तक बहुत देर हो चुकी थी और इलाज के अभाव में 3 वर्षीय मासूम की तड़प-तड़प कर मौत हो गई।
Rohtas Akodhigola Snake Bite Tragic Child Death स्नेक कैचर अमरनाथ गुप्ता ने किया 5 फीट लंबे नाग का रेस्क्यू
मासूम की मौत के बाद भी वह जहरीला सांप घर के भीतर ही छिपा हुआ था, जिससे अन्य ग्रामीणों की जान को भी खतरा बना हुआ था।
- मौके पर पहुंचे एक्सपर्ट: ग्रामीणों ने इसकी सूचना क्षेत्र के जाने-माने सर्प विशेषज्ञ और स्नेक कैचर अमरनाथ गुप्ता को दी।
- सुरक्षित पकड़ा: अमरनाथ गुप्ता ने तुरंत मौके पर पहुंचकर घर के कोने में छिपे करीब 5 फीट लंबे अत्यंत विषैले नाग (कोबरा प्रजाति) को अपने अनुभव और सूझबूझ से सुरक्षित पकड़ लिया।
Rohtas Akodhigola Snake Bite Tragic Child Death एक्सपर्ट की अपील: ‘सांप काटे तो ओझा नहीं, सीधे अस्पताल जाएं’
सांप को पकड़ने के बाद स्नेक कैचर अमरनाथ गुप्ता ने पीड़ित परिवार को सांत्वना दी और ग्रामीणों से हाथ जोड़कर एक बेहद जरूरी अपील की। उन्होंने बताया:
“इस बच्चे को सांप ने रात में ही काटा था। यदि परिजन अंधविश्वास में पड़कर ओझा-गुनी के चक्कर में समय बर्बाद करने के बजाय इसे तुरंत जिला अस्पताल ले जाते, तो डॉक्टर एंटी-वेनम देकर इस मासूम की जान आसानी से बचा सकते थे। झाड़-फूंक के कारण ही बच्चे की मौत हुई है।”
अमरनाथ गुप्ता ने पकड़े गए भारी-भरकम नाग को एक सुरक्षित डिब्बे में बंद किया और बताया कि इसे इंसानी आबादी से दूर घने जंगलों में सुरक्षित छोड़ दिया जाएगा। वन विभाग और स्थानीय प्रशासन ने भी चेतावनी जारी करते हुए कहा है कि बरसात के दिनों में बिलों में पानी भरने के कारण सांपों का बाहर निकलना काफी बढ़ जाता है। ऐसे में घरों के आसपास सफाई रखें, रात में जमीन पर सोने से बचें और सांप काटने की स्थिति में केवल और केवल अस्पताल का रुख करें।





