BY
Yoganand Shrivastava
Sehore news: मध्य प्रदेश के सीहोर जिले में एक निजी स्कूल में होमवर्क न करने पर बच्चों को अर्धनग्न कर सजा देने का मामला सामने आया है। घटना के फोटो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद शिक्षा विभाग ने संज्ञान लेते हुए स्कूल पर एक लाख रुपये का जुर्माना लगाया है।
जताखेड़ा गांव का मामला
यह पूरा मामला सीहोर जिले के जताखेड़ा गांव स्थित सेंट एंजेलास स्कूल का बताया जा रहा है। आरोप है कि स्कूल में पढ़ने वाले छोटे बच्चों को होमवर्क अधूरा होने पर कपड़े उतरवाकर अपमानित किया गया।
फोटो वायरल होने पर मचा हंगामा
बच्चों के अर्धनग्न किए जाने की तस्वीर सामने आने के बाद अभिभावकों और स्थानीय लोगों में आक्रोश फैल गया। कई संगठनों ने स्कूल परिसर पहुंचकर प्रदर्शन किया और स्कूल की मान्यता रद्द करने की मांग उठाई।
जिला शिक्षा अधिकारी ने की मौके पर जांच
विरोध बढ़ने पर जिला शिक्षा अधिकारी संजय सिंह तोमर स्वयं स्कूल पहुंचे और मामले की जांच की। जांच में बच्चों के कपड़े उतरवाने की घटना सही पाई गई, जिसके बाद स्कूल प्रबंधन पर एक लाख रुपये का आर्थिक दंड लगाया गया।
धर्म आधारित भेदभाव से इनकार
जिला शिक्षा अधिकारी ने स्पष्ट किया कि यह घटना दो से तीन महीने पुरानी है। प्रारंभिक जांच में यह सामने आया कि बच्चों के साथ किसी भी प्रकार का धार्मिक भेदभाव नहीं किया गया, बल्कि होमवर्क न करने पर अनुचित सजा दी गई थी।
स्कूल प्रबंधन पर गंभीर आरोप
प्रदर्शन कर रहे लोगों का आरोप है कि स्कूल की प्राचार्य समरीन खान और एक शिक्षक बच्चों को शारीरिक व मानसिक रूप से प्रताड़ित करते हैं। साथ ही बच्चों को हाथ में कलावा और माथे पर तिलक लगाने से रोकने जैसे आरोप भी लगाए गए हैं।
पुलिस को जांच के निर्देश
स्थिति को नियंत्रित करने के लिए थाना मंडी पुलिस बल को मौके पर बुलाया गया। जिला शिक्षा अधिकारी ने पुलिस को पूरे मामले की जांच कर कानूनी कार्रवाई करने के निर्देश भी दिए हैं।
मान्यता रद्द करने की मांग तेज
घटना के बाद ग्रामीणों और अभिभावकों का कहना है कि स्कूल में लंबे समय से अव्यवस्थाएं और गलत गतिविधियां चल रही हैं। उन्होंने शिक्षा विभाग से स्कूल की मान्यता रद्द करने की मांग की है।
आगे की कार्रवाई जारी
शिक्षा विभाग और पुलिस दोनों स्तर पर मामले की जांच जारी है। अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद दोषियों के खिलाफ और सख्त कार्रवाई की जाएगी।





