Ghaziabad कलेक्ट्रेट परिसर के बाहर आज उस समय स्थिति तनावपूर्ण हो गई जब बड़ी संख्या में दिव्यांगजन स्मार्ट मीटर लगाने के विरोध में सड़कों पर उतर आए। प्रदर्शनकारियों ने न केवल प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की, बल्कि मुख्य मार्ग को जाम कर दिया, जिससे शहर की यातायात व्यवस्था कुछ समय के लिए पूरी तरह चरमरा गई।
Ghaziabad अनियमित बिल और पारदर्शिता की कमी का आरोप
प्रदर्शन कर रहे दिव्यांगजनों का कहना है कि जब से स्मार्ट मीटर लगाए गए हैं, उनके बिजली के बिल अप्रत्याशित रूप से बढ़कर आ रहे हैं। उनका आरोप है कि मीटर रीडिंग में कोई पारदर्शिता नहीं है और तकनीकी खामियों के कारण आए दिन बिजली आपूर्ति बाधित होती रहती है। प्रदर्शनकारियों ने कहा, “हम आर्थिक रूप से पहले ही चुनौतियों का सामना कर रहे हैं, ऐसे में बिजली बिलों की यह अनियमितता हमारे ऊपर भारी बोझ डाल रही है।”
Ghaziabad ज्ञापन के बाद भी समाधान न होने पर फूटा गुस्सा
प्रदर्शनकारियों ने बताया कि यह पहली बार नहीं है जब उन्होंने इस समस्या को उठाया है। इससे पहले भी कई बार संबंधित अधिकारियों को ज्ञापन सौंपकर समाधान की गुहार लगाई गई थी, लेकिन प्रशासन की ओर से कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। अधिकारियों की इसी कथित संवेदनहीनता से नाराज होकर उन्हें सड़क जाम करने जैसा कड़ा कदम उठाना पड़ा।
Ghaziabad प्रशासनिक आश्वासन के बाद खुला जाम
चक्काजाम की सूचना मिलते ही भारी पुलिस बल और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुँचे। अधिकारियों ने प्रदर्शन कर रहे दिव्यांगजनों से वार्ता की और उन्हें आश्वस्त किया कि उनकी शिकायतों की गंभीरता से जांच कराई जाएगी। तकनीकी खामियों को दूर करने और बिलिंग की समस्या के समाधान के ठोस आश्वासन के बाद दिव्यांगों ने जाम खोला, जिसके बाद यातायात सामान्य हो सका। प्रशासन ने मामले में उचित कार्रवाई का भरोसा दिया है।





