मध्यप्रदेश में मानसून के चलते भारी बारिश का दौर लगातार जारी है। मौसम विभाग ने कई जिलों में अलर्ट जारी किया है। तिघरा डैम और तवा डैम के गेट खोलने से बाढ़ का खतरा बढ़ गया है, जबकि हरदा में कई गांवों का जिला मुख्यालय से संपर्क टूट गया है।
तिघरा और तवा डैम से पानी छोड़ा गया
- ग्वालियर: तिघरा डैम के 7 गेट खोले गए।
- नर्मदापुरम: तवा डैम के 5 गेट खोलकर पानी छोड़ा गया।
- जबलपुर: बरगी बांध के 9 गेट खोले गए।
- शिवपुरी: अटल सागर बांध मडीखेड़ा के 2 गेट खोले गए।
इन क्षेत्रों में नदी-नालों में पानी का स्तर तेजी से बढ़ रहा है और कई जगहों पर बाढ़ का खतरा है।
हरदा में संपर्क टूटा, नदियां उफान पर
हरदा जिले में अजनाल, मटकुल, देदली, माचक और गंजाल नदियां उफान पर हैं। लगातार बारिश और डैम से छोड़े गए पानी के कारण कई गांवों का जिला मुख्यालय से संपर्क टूट गया है। स्थानीय प्रशासन ने नागरिकों से सतर्क रहने और सुरक्षित स्थानों पर जाने की सलाह दी है।
8 जिलों में ऑरेंज अलर्ट
मौसम विभाग ने अगले 24 घंटे के लिए निम्नलिखित जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया है:
- देवास
- सीहोर
- हरदा
- खंडवा
- नर्मदापुरम
- बैतूल
- छिंदवाड़ा
- पांढुर्णा
इन जिलों में अगले 24 घंटे में लगभग साढ़े 8 इंच तक बारिश का अनुमान है।
18 जिलों में यलो अलर्ट
भारी बारिश के लिए यलो अलर्ट वाले जिलों की सूची:
- इंदौर, उज्जैन, रतलाम, झाबुआ, अलीराजपुर, धार, बड़वानी, खरगोन, बुरहानपुर, आगर-मालवा, राजगढ़, शाजापुर, विदिशा, रायसेन, नरसिंहपुर, सिवनी, मंडला, बालाघाट
इन जिलों में 2.5 से 4.5 इंच तक बारिश हो सकती है।
भोपाल और जबलपुर में हल्की बारिश
भोपाल, जबलपुर और अन्य कुछ जिलों में हल्की बारिश का दौर जारी रहेगा। नागरिकों से अपील की गई है कि वे मौसम अपडेट्स पर ध्यान दें और सुरक्षित रहें।
मध्यप्रदेश में मानसून और चक्रवात के प्रभाव से भारी बारिश और बाढ़ का खतरा बढ़ गया है। तिघरा और तवा डैम के गेट खोलने के बाद नदी-नालों का जलस्तर बढ़ रहा है। प्रभावित जिलों में नागरिकों को सतर्क रहने और प्रशासन द्वारा जारी अलर्ट का पालन करने की सलाह दी गई है।





