Bhopal: भोपाल के सहयोग विहार में चल रही भव्य संगीतमय श्रीमद्भागवत कथा के छठे दिन श्रद्धालुओं की बड़ी संख्या में उपस्थिति रही। कथा व्यास पंडित उमेश तिवारी जिज्ञासु महाराज ने भगवान श्रीकृष्ण के बाल स्वरूप का वर्णन करते हुए कहा कि वे ईश्वर होने के साथ-साथ एक साधारण मानव रूप में भी लीला करते थे।
Bhopal: श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं का भावपूर्ण वर्णन

महाराज ने कथा के दौरान श्रीकृष्ण की प्रसिद्ध बाल लीला का उल्लेख किया। उन्होंने बताया कि जब भगवान ने बाल रूप में मिट्टी खाई, तो पहले उन्होंने दाऊ से स्वीकार किया, लेकिन माता यशोदा से इंकार किया। जब माता ने मुंह खोलने को कहा तो उनके मुख में संपूर्ण ब्रह्मांड दिखाई दिया, जिससे उनकी दिव्यता प्रकट हुई।
Bhopal: विशिष्ट अतिथियों की रही गरिमामयी उपस्थिति

कार्यक्रम में मध्यप्रदेश शासन के मंत्री विश्वास सारंग, राज्य सहकारी न्यायाधिकरण के सदस्य विमल श्रीवास्तव, अभिलाष दुबे, कैलाश शर्मा, अधिवक्ता पराग काले, सोनिया सक्सेना, अशोक सोनी और शंकर शुक्ला सहित अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। बड़ी संख्या में श्रद्धालु महिलाओं और पुरुषों ने कथा का श्रवण किया।
Bhopal: भागवत कथा से समाज और विश्व का कल्याण
इस अवसर पर मंत्री विश्वास सारंग ने हनुमान जी के दर्शन कर हनुमान चालीसा का पाठ किया और श्रद्धालुओं को संबोधित करते हुए कहा कि भागवत कथा से न केवल समाज बल्कि पूरे विश्व का कल्याण होता है। उन्होंने कहा कि माताओं की सहभागिता से ही परिवार और समाज मजबूत बनता है।
आयोजन समिति और यजमान को दी बधाई
मंत्री सारंग ने मंदिर समिति और मुख्य यजमान राजश्री ओम पाटीदार को सफल आयोजन के लिए शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कथा व्यास पंडित उमेश तिवारी जिज्ञासु महाराज की प्रशंसा करते हुए कहा कि वे धर्म के साथ-साथ अपने शासकीय दायित्वों का भी पूरी निष्ठा और ईमानदारी से निर्वहन करते हैं।
Bhopal: सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने बांधा समा
कथा के दौरान मथुरा से आए कलाकारों ने आकर्षक मयूर नृत्य प्रस्तुत किया, जिसमें महिलाओं ने भी उत्साहपूर्वक भाग लिया। इस प्रस्तुति ने पूरे माहौल को भक्तिमय और आनंदमय बना दिया।





