Guna उमरी: ग्रामीण भारत को डिजिटल रूप से सशक्त बनाने की दिशा में मध्य प्रदेश के गुना जिले ने एक ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है। केंद्रीय संचार एवं पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने शनिवार को उमरी गाँव में दूरसंचार विभाग की ‘समृद्ध ग्राम फिजिटल सेवाएं’ (Phygital Services) पहल के तहत एकीकृत सेवा केंद्र—’समृद्धि केंद्र’ का भव्य उद्घाटन किया। इस पहल के साथ ही उमरी देश का ऐसा पहला गाँव बन गया है, जहाँ स्वास्थ्य, शिक्षा और कृषि जैसी बुनियादी सेवाएँ एक ही छत के नीचे डिजिटल और फिजिकल रूप में उपलब्ध होंगी।

Guna ‘फिजिटल’ मॉडल: भौतिक और डिजिटल सुविधाओं का अनोखा संगम
केंद्रीय मंत्री सिंधिया ने बताया कि ‘समृद्धि केंद्र’ का उद्देश्य भारतनेट के हाई-स्पीड ब्रॉडबैंड को केवल इंटरनेट तक सीमित न रखकर, उसे ग्रामीण सशक्तिकरण का जरिया बनाना है।

- स्मार्ट विलेज की परिकल्पना: इस केंद्र के माध्यम से ग्रामीणों को अब छोटी-छोटी सुविधाओं के लिए शहरों की ओर नहीं भागना पड़ेगा।
- सिंगल-विंडो सिस्टम: यह एक ऐसा ग्रामीण सेवा केंद्र है जहाँ ई-गवर्नेंस, बैंकिंग और डिजिटल दस्तावेजीकरण की सुविधाएँ एक ही स्थान पर मिलेंगी, जिससे समय और धन दोनों की बचत होगी।
Guna स्वास्थ्य, शिक्षा और कृषि: एक छत के नीचे बदलेंगे ग्रामीण जीवन के मायने
Guna मंत्री सिंधिया ने उमरी के नागरिकों को इस केंद्र के बहुआयामी फायदों के बारे में विस्तार से जानकारी दी।

- त्वरित स्वास्थ्य सेवा: केंद्र में ‘हेल्थ एटीएम’ और टेली-परामर्श की सुविधा होगी, जिससे देश के बड़े डॉक्टरों से सलाह ली जा सकेगी। यहाँ खून की जाँच रिपोर्ट मात्र 30 मिनट में प्राप्त होगी और किफायती दरों पर ‘जन औषधि’ केंद्र से दवाइयाँ भी मिलेंगी।
- स्मार्ट एग्रीकल्चर: किसानों को मिट्टी के पोषक तत्वों की जानकारी और ड्रोन आधारित कृषि सेवाएँ उपलब्ध होंगी। साथ ही, स्मार्ट क्लासरूम के जरिए छात्र आधुनिक शिक्षा प्राप्त कर सकेंगे।
- डिजिटल कौशल: राष्ट्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान द्वारा युवाओं को डिजिटल प्रशिक्षण दिया जाएगा।
Guna स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार और आत्मनिर्भरता का मंत्र
यह परियोजना केवल सेवा प्रदाता नहीं, बल्कि रोजगार का माध्यम भी बनेगी।
- VLE मॉडल: केंद्र का संचालन स्थानीय प्रशिक्षित युवाओं द्वारा ‘विलेज लेवल एंटरप्रेन्योर’ (VLE) के रूप में किया जाएगा। इससे ग्रामीण युवाओं में उद्यमिता बढ़ेगी।
- साझेदारी: दूरसंचार विभाग और डिजिटल एम्पावरमेंट फाउंडेशन के सहयोग से संचालित यह मॉडल समुदाय आधारित है, जो लंबे समय तक गाँवों को आत्मनिर्भर बनाए रखेगा। सिंधिया ने कहा कि यह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘विकसित गाँव-विकसित भारत’ के संकल्प को पूरा करने की दिशा में एक मील का पत्थर है।





