संवाददाता :- योगेश मिथोरिया
महूँ : पातलपानी स्थल पर जनजातीय स्वतंत्रता सेनानी और उपनिवेशवाद-विरोधी बिरसा मुंडा की जयंती के अवसर पर जनजातीय गौरव दिवस का आयोजन किया गया। इस अवसर पर प्रदेश के मंत्री तुलसीराम सिलावट, विधायक उषा ठाकुर, ग्रामीण जिलाध्यक्ष श्रवण चावड़ा, SDM राकेश परमार और महूँ प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित रहे।
कार्यक्रम का आयोजन और मुख्य आकर्षण
समारोह की शुरुआत दीप प्रज्वलन और महापुरुषों के चित्रों पर माल्यार्पण से हुई। इसके बाद लोकगीतों की प्रस्तुतियां प्रस्तुत की गईं। मंत्री तुलसीराम सिलावट ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए भाजपा द्वारा किए गए विकास कार्यों और समाज के हित में उठाए गए कदमों के बारे में जानकारी दी। इसके अलावा, सबल योजना के पात्र लाभार्थियों को उनकी पात्रता कार्ड वितरित किए गए। कार्यक्रम में बालिकाओं को मंच पर सम्मानित भी किया गया।
जनजातीय गौरव दिवस का महत्व
भारत में हर साल 15 नवंबर को जनजातीय गौरव दिवस मनाया जाता है। यह दिन आदिवासी नेता बिरसा मुंडा की जयंती के अवसर पर उनके योगदान और आदिवासी समुदाय की उपलब्धियों को याद करने के लिए समर्पित है। बिरसा मुंडा का जन्म 1874 में हुआ था और उनके 150वें जन्म वर्ष के उपलक्ष्य में इस वर्ष को जनजातीय गौरव वर्ष के रूप में मनाया जा रहा है।





