जनजातियों का समग्र कल्याण हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता : प्रधानमंत्री मोदी

- Advertisement -
Swadesh NewsAd image
Overall welfare of tribals is our top priority: PM Modi

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने कहा है कि स्वाधीनता संग्राम में देश के विभिन्न अचंलों में जनजातीय वीरों और जननायकों ने आजादी के लिए अपना लहू बहाया और अंग्रेजों को चैन से बैठने नहीं दिया। स्वाधीनता संग्राम के प्रारंभिक काल में जनजातीय जननायकों ने जो योगदान दिया, उसे हम भुला नहीं सकते। इतिहासकारों और तत्कालीन सरकारों ने इनके योगदान को सिरे से नकार दिया। देश के स्वाधीनता संग्राम में जनजातियों का योगदान अतुलनीय है, अभूतपूर्व है। हमने यह बीड़ा उठाया है कि जनजातीय वीरों और जननायकों के बारे में आज की नई पीढ़ी को भी अवगत कराया जाए। हर साल 15 नवम्बर को धरती आबा भगवान बिरसा मुंडा का जन्मदिवस है। इस विशेष दिन को राष्ट्रीय जनजातीय गौरव दिवस के रूप में मनाने के पीछे हमारी यही मंशा है कि जिन्होंने देश की आजादी के लिए अपना सर्वस्व न्यौछावर कर दिया, हम सब उनके बारे में जानें, समझें, विचार करें और इन शूरवीरों के योगदान को नमन् करें। प्रधानमंत्री श्री मोदी शनिवार को गुजरात के नर्मदा जिले से राष्ट्रीय जनजातीय गौरव दिवस समारोह को संबोधित कर रहे थे। इस समारोह का देशव्यापी सीधा प्रसारण किया गया। जबलपुर में आयोजित राज्य स्तरीय जनजातीय गौरव दिवस समारोह में प्रधानमंत्री श्री मोदी के वर्चुअल संबोधन को सभी ने सुना और देश के सभी जनजातीय वीरों को नमन किया।

प्रधानमंत्री श्री मोदी ने कहा कि जनजातियों द्वारा बोली जाने वाली सभी बोलियों पर अध्ययन होगा। उनकी जीवनशैलियों से सीखा जाएगा। इसमें विज्ञान छिपा है। उन्होंने कहा कि यह दिवस हमें करोड़ों जनजातियों के साथ हुए अन्याय को याद करने का अवसर देता था। हम जनजातीय वर्ग को विकास की धारा से जोड़ेंगे और उन्हें मुख्य धारा में लाएंगे। जब अटलजी सरकार बनी तब देश में पहली बार जनजातीय कल्याण मंत्रालय बना था। आदिवासियों को शिक्षा, स्वास्थ्य, कनेक्टिविटी हर क्षेत्र में आगे बढ़ाया जा रहा है।

प्रधानमंत्री श्री मोदी ने कहा कि जनजातीय वर्ग के बच्चे आज डॉक्टर, इंजीनियर और सरकारी नौकरियां कर रहे हैं। देशभर के एकलव्य मॉडल आवासीय विद्यालयों के निर्माण एवं अधोसंरचना विकास पर 18 हजार करोड़ रुपए से अधिक खर्च किए गए हैं। इन स्कूलों में प्रवेश में 60 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। दुनिया में देश की शान बढ़ाने में जनजातीय युवाओं का बड़ा योगदान है। अभी भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने वर्ल्ड कप जीतकर इतिहास रचा है। इस टीम में भी मध्यप्रदेश की एक जनजातीय बेटी ने अपना योगदान दिया है।

प्रधानमंत्री श्री मोदी ने कहा कि जनजातीय समुदायों में सिकल सेल एनीमिया बहुत बड़ा खतरा रही है। अब तक देश में 6 करोड़ लोगों की सिकल सेल स्क्रीनिंग हो चुकी है। जनजातीय वर्ग के बच्चों की पढ़ाई में भाषा की बाधाएं भी पूरी तरह से समाप्त की जा रही हैं। जनजातीय समाज में कला और चित्रकारी बेहद प्रचलित है। इस समुदाय के गुजरात के चित्रकार श्री परेशभाई राठवा को पद्म पुरस्कार मिल चुका है। प्रधानमंत्री श्री मोदी ने कहा कि आज देश की राष्ट्रपति महोदया जनजातीय समुदाय से ही आती हैं। छत्तीसगढ़, ओडिशा, अरुणाचल प्रदेश, नागालैंड में जनजातीय वर्ग के मुख्यमंत्री हैं। मध्यप्रदेश में जनजातीय समुदाय से आने वाले श्री मंगुभाई पटेल राज्यपाल के पद पर आसीन हैं। उन्होंने कहा कि राष्ट्रगीत वंदे मातरम् को भी 150 साल पूरे हो गए हैं। वंदे मातरम् आज भारत की एकता और अखण्डता का प्रेरणास्त्रोत गीत बन गया है। प्रधानमंत्री श्री मोदी ने सभी को जनजातीय गौरव दिवस की शुभकामनाएं देते हुए “भगवान बिरसा मुंडा की जय” का उद्घोष कराया।

भगवान बिरसा मुंडा ने अपनी संस्कृति और गौमाता की रक्षा करते हुए आजादी की लड़ी लड़ाई : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन में देशभर में विगत पांच सालों से भगवान बिरसा मुंडा की जयंती धूमधाम से मनाई जा रही है। उन्होंने कहा कि अंग्रेजी शासन के कानूनों, कर-वसूली और जंगल पर कब्ज़े के खिलाफ जनजातीय समाज ने अपने तरीके से स्वराज का ध्वज उठाया और मध्यप्रदेश लंबे समय तक अंग्रेजों के लिए सबसे कठिन क्षेत्र बन गया था। मुख्यमंत्री ने कहा कि देश में सबसे अधिक जनजातीय आबादी मध्यप्रदेश में है। रानी दुर्गावती ने 500 वर्ष पहले अंग्रेजों के खिलाफ आजादी की लड़ाई लड़ी। इसके साथ ही हमारे कई जनजातीय नायकों- टंट्या मामा, खाज्या नायक, भीमा नायक, शंकर शाह, रधुनाथ शाह, छितू किराड़ ने अपनी जल, जंगल और जमीन के लिए अंग्रेजों से संघर्ष किया। भगवान बिरसा मुंडा ने अपनी संस्कृति और गौमाता की रक्षा करते हुए आजादी की लड़ाई लड़ी। मात्र 25 साल की अल्पायु में भारत माता की आजादी के लिए अपने प्राण न्यौछावर कर दिए।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि आज भगवान बिरसा मुंडा की 150वीं जयंती के उपलक्ष में प्रदेश के बड़वानी, आलीराजपुर और जबलपुर में जनजातीय वर्ग के लिए विशेष आयोजन हुए। इनमें केंद्र और प्रदेश के कई मंत्री 

शामिल हुए। प्रधानमंत्री श्री मोदी ने सभी देशवासियों को वर्चुअली संबोधित किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि स्वाधीनता का दीया सबसे पहले मध्यप्रदेश की पावन धरती से ही प्रज्ज्वलित हुआ था और इसे हमारे जनजातीय वीरों ने रौशन रखा। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश में नमक सत्याग्रह ने ही जंगल सत्याग्रह की नींव रखी। सिवनी के जंगलों में हुआ ‘टुरिया सत्याग्रह’ जनजातीय वीरों और वीरांगनाओं के शौर्य और साहस का जीवंत प्रमाण है।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि जबलपुर की धरती पर गोंडवाना के शहीद शंकर शाह और रघुनाथ शाह ने देशभक्ति की सबसे बड़ी मिसाल पेश की। निमाड़ की पावन धरती पर भील योद्धा भीमा नायक ने अंग्रेजों के दांत खट्टे कर दिए। खंडवा-बुरहानपुर के टंट्या भील ने अंग्रेजी राज की कमर तोड़ दी। झाबुआ-आलीराजपुर में खाज्या नायक ने क्रांतिवीरों को संगठित कर अंग्रेजों को खुली चुनौती दी। भोपाल की रानी कमलापति ने विदेशी ताकतों के आगे झुकने के बजाय स्वाभिमान का रास्ता चुना। मंडला-जबलपुर की अमर वीरांगना महारानी दुर्गावती विदेशी शासन के विरुद्ध जनजातीय प्रतिरोध की सबसे बड़ी प्रेरणा बनी। महारानी दुर्गावती ने अपने जीवन में अकबर और शेरशाह सूरी से कुल 52 युद्ध लड़े और इनमें से 51 युद्ध जीते।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि महाकौशल की धरती को एक से बढ़कर एक जनजातीय नायकों की जन्मभूमि और कर्मभूमि होने का गौरव प्राप्त है। महाकौशल की माटी गोंड शासकों के अदम्य शौर्य, साहस और सुशासन की  है। गोंडवाना के प्रतापी महाराजा शंकरशाह और उनके वीर पुत्र कुंवर रघुनाथ शाह ने 1857 के प्रथम स्वाधीनता संग्राम में क्रांति  की मशाल प्रज्ज्वलित की। राष्ट्रभक्ति भावपूर्ण कविता लिखने पर इन दोनों को तोप से उड़ा दिया गया था। उन्होंने कहा कि वर्ष 1923 में जब देश में राष्ट्रव्यापी स्वाधीनता आंदोलन चरम पर था, तब छिंदवाड़ा के जनजातीय नायक बादल भोई अपने साथियों के साथ स्वाधीनता संग्राम में शामिल हो गए। उनके नेतृत्व में हजारों जनजातीय वीरों ने मोर्चा संभाल लिया और स्वाधीनता संघर्ष करते हुए अमर बलिदान दिया।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि आज प्रदेशभर के जनजातीय भाई-बहनों के सर्वांगीण विकास और कल्याण के लिए कुल 662 करोड़ रुपए से अधिक की लागत वाले 133 विकास कार्यों की सौगात दी गई है। इसमें 564 करोड़ रुपए से अधिक लागत के 106 विकास कार्यों का लोकार्पण और 98 करोड़ से अधिक लागत के 27 विकास कार्यों का भूमि-पूजन शामिल है। इसके साथ ही हमने शालिनी ऐप का भी लोकार्पण भी किया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि बाल विज्ञान पुरस्कार योजना के हितग्राही छात्रों को भी सम्मानित किया गया है।

जनजातीय समुदाय की प्रतिभाओं का किया सम्मान

राज्य स्तरीय कार्यक्रम में राज्यपाल श्री पटेल और मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने विशिष्ट उपलब्धियां प्राप्त करने वाले जनजातीय समुदाय के युवाओं, चित्रकारों और सिकल सेल एनीमिया के वारण के लिये उत्कृष्ट कार्य करने वाले डॉक्टर्स को भी सम्मानित किया गया। महिला क्रिकेट विश्वकप में उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए छतरपुर जिले की महिला क्रिकेटर क्रांति गौड़ को 1 करोड़ का चेक और प्रशस्ति-पत्र दिया गया। पद्मश्री श्री अर्जुन सिंह धुर्वे, श्रीमती फुलझारिया बाई, श्रीमती उजियारो बाई, विक्रम अवॉर्डी सुश्री रागिनी मार्को, सुश्री सृष्टि सिंह को सम्मानित किया गया। राज्यपाल श्री पटेल और मुख्यमंत्री डॉ. यादव कार्यक्रम में प्रतियोगी परीक्षा पास करने वाले विशेष पिछड़ी जनजाति समूह (पीवीटीजी) के चयनित 6 अभ्यर्थियों को नियुक्ति-पत्र दिया गया। कक्षा 12वीं में उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए जनजातीय वर्ग के दो मेधावी विद्यार्थियों को महाराजा शंकर शाह और रानी दुर्गावती मेधावी पुरस्कार प्रदान किए गए। वि‍भिन्न योजनाओं में जनजातीय हितग्राहियों को हितलाभ भी वितरित किये गये।

           मुख्यमंत्री की घोषणा

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि जनजातीय कार्य विभाग के अंतर्गत संचालित सभी कन्या छात्रावास और आश्रमों का नाम अब वीरांगना रानी दुर्गावती के नाम पर रखा जाएगा। बालक छात्रावासों को भी अब महाराजा शंकर शाह और रघुनाथ शाह के नाम पर संचालित किया जाएगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने जनजातीय छात्रावासों के बेहतर संचालन के लिए छात्रावास अधीक्षकों के रिक्त पदों पर भर्ती की आवश्यकता बताते हुए वर्ष 2026 में 5 हजार छात्रावास अधीक्षकों की भर्ती करने की घोषणा की।

 जनजातीय योजनाओं की जानकारी के लिये “शालिनी ऐप” लाँच

जनजातीय कार्य मंत्री डॉ. कुंवर विजय शाह ने कहा कि प्रदेश के जनजातीय बंधु बोलते थे कि शासन की सभी योजनाएं हमारे हाथों में कैसे आएं। इसके लिए जनजातीय कार्य विभाग ने ऐप तैयार किया है। राज्यपाल श्री पटेल और मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने शालिनी ऐप का लोकार्पण किया। लोक निर्माण मंत्री श्री राकेश सिंह ने कहा कि पूरा देश आज जनजातीय गौरव दिवस मना रहा है। उन्होंने प्रदेश के विभिन्न अंचलों से समारोह में आए सभी नजातीय बंधुओं का आभार व्यक्त किया।

राज्यपाल और मुख्यमंत्री का हुआ पारंपरिक स्वागत

समारोह के आरंभ में राज्यपाल श्री पटेल और मुख्यमंत्री डॉ. यादव का जनजातीय समुदाय की पारम्परिक वेशभूषा और मोर मुकुट पहनाकर आत्मीय स्वागत किया गया। समारोह का शुभारंभ राष्ट्रगीत वंदे मातरम् गायन एवं समापन राष्ट्रगान जन-गण-मन गायन से हुआ।

समारोह में उप मुख्यमंत्री एवं जबलपुर जिले के प्रभारी मंत्री श्री जगदीश देवड़ा, वरिष्ठ विधायक श्री हेमंत खंडेलवाल, जबलपुर के लोकसभा सांसद श्री आशीष दुबे, राज्यसभा सदस्य श्रीमती सुमित्रा वाल्मिक, विधायक श्री संतोष वरकड़े सहित सभी स्थानीय जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में जनजातीय बंधु उपस्थित थे।

- Advertisement -
Ad imageAd image

Bhopal New Collector : IAS प्रियंक मिश्रा ने भोपाल कलेक्टर का संभाला पदभार

Bhopal New Collector : भोपाल में नए कलेक्टर ने संभाली जिम्मेदारी Bhopal

Bhopal New Collector : IAS प्रियंक मिश्रा ने भोपाल कलेक्टर का संभाला पदभार

Bhopal New Collector : भोपाल में नए कलेक्टर ने संभाली जिम्मेदारी Bhopal

Chhattisgarh : सक्ति में वेदांता पावर प्लांट का बॉयलर फटा, भीषण हादसे में 10 की मौत और 40 घायल

Chhattisgarh छत्तीसगढ़ के सक्ति जिले के सिंघीतराई स्थित वेदांता पावर प्लांट में

EPS-95 पेंशनर्स का भोपाल में प्रदर्शन आज, पेंशन बढ़ोतरी की मांग को लेकर सौंपेंगे ज्ञापन

EPS-95 पेंशनर्स राष्ट्रीय संघर्ष समिति, मध्य प्रदेश के नेतृत्व में 15 अप्रैल

Road Accident: नवापारा में ट्रक-हाइवा की भीषण टक्कर, 3 लोगों की दर्दनाक मौत

Road Accident: रायपुर जिले के नवापारा क्षेत्र में मंगलवार देर रात एक

Homeopathy चिकित्सकों को बड़ी राहत, नए फैसले से खत्म हुआ प्रशासनिक बोझ

Homeopathy: होम्योपैथी चिकित्सकों को राहत देने वाले इस अहम निर्णय का देशभर

एमपी में PACS Membership महाभियान 14 अप्रैल से शुरू, 10 लाख किसानों को जोड़ने का लक्ष्य

PACS Membership: मध्य प्रदेश में सहकारिता विभाग द्वारा बड़ा अभियान शुरू किया