भोपाल (मध्य प्रदेश): मध्य प्रदेश सरकार ने ‘मध्य प्रदेश नवीकरणीय ऊर्जा नीति 2025’ जारी की है। इस नीति के तहत वर्ष 2030 तक 22,000 मेगावाट और 2035 तक 36,000 मेगावाट नवीकरणीय ऊर्जा क्षमता जोड़ने का लक्ष्य रखा गया है।
मुख्य बिंदु:
✅ ऊर्जा भंडारण लक्ष्य:
- 2030 तक 6,000 मेगावाट
- 2035 तक 12,000 मेगावाट
✅ रोजगार सृजन:
- 2030 तक 50,000+ नई नौकरियाँ
- 2035 तक 85,000+ नई नौकरियाँ
✅ प्रोत्साहन योजनाएँ:
- बिजली शुल्क छूट (10 वर्षों तक)
- स्टाम्प ड्यूटी में छूट
- सरकारी भूमि रियायती दर पर
- व्हीलिंग चार्ज माफी
सरकारी भवनों में सौर ऊर्जा को बढ़ावा:
- ‘जीरो इन्वेस्टमेंट, डे वन से सेविंग’ के सिद्धांत पर सरकारी भवनों में सौर ऊर्जा प्रणाली लगाने पर जोर।
- हरित हाइड्रोजन उत्पादन को अतिरिक्त प्रोत्साहन।
कौशल विकास:
- आईटीआई, पॉलिटेक्निक और इंजीनियरिंग संस्थानों में नवीकरणीय ऊर्जा से जुड़े कोर्स शुरू किए जाएँगे।
नीति का उद्देश्य:
- स्वच्छ ऊर्जा उत्पादन को बढ़ावा देना।
- निवेश, विनिर्माण और रोजगार के नए अवसर पैदा करना।
यह नीति मध्य प्रदेश को हरित ऊर्जा के क्षेत्र में अग्रणी राज्य बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम है।





