BY
Yoganand Shrivastava
Ram Mandir Donation Theft Champat Rai Resignation अयोध्या के भव्य श्रीराम मंदिर में चढ़ावा चोरी (Ram Mandir Donation Theft Case) के मामले में शनिवार को एक बेहद बड़ी और सनसनीखेज खबर सामने आई है। श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय (Champat Rai) और ट्रस्टी डॉ. अनिल मिश्रा द्वारा अपने पदों से दिए गए इस्तीफे की आधिकारिक रूप से पुष्टि हो गई है। ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष स्वामी गोविंद देव गिरि महाराज ने एक आधिकारिक पत्र जारी कर दोनों वरिष्ठ पदाधिकारियों के त्यागपत्र मिलने की बात स्वीकार की है।
इस हाई-प्रोफाइल मामले में देश के करोड़ों रामभक्तों की आस्था जुड़ी होने के कारण राम मंदिर ट्रस्ट ने भी अपना विस्तृत बयान जारी कर स्थिति स्पष्ट की है।
Ram Mandir Donation Theft Champat Rai Resignation “स्तब्ध, आहत और दुखी हैं हम” — ट्रस्ट का आधिकारिक बयान
ट्रस्ट की ओर से कोषाध्यक्ष स्वामी गोविंद देव गिरि महाराज द्वारा जारी पत्र में कहा गया है:
- इस्तीफा प्राप्त हुआ: श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र (न्यास) के महासचिव चंपत राय और न्यासी डॉ. अनिल मिश्रा से त्यागपत्र प्राप्त हो चुका है। न्यास अपनी आगामी बैठक में इस पर विचार करेगा।
- भक्तों की भावना सर्वोपरि: पत्र में आगे लिखा गया, “श्रीराम मंदिर में पिछले कुछ दिनों से सुनी हुई घटनाओं से हम स्तब्ध, आहत एवं अत्यंत दुखी हैं। समस्त रामभक्तों एवं रामसेवकों के प्रतिनिधि के रूप में हम इसकी न्यायपूर्ण जांच एवं रामभक्तों को आश्वस्त करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।”
Ram Mandir Donation Theft Champat Rai Resignation चांदी की ईंटें और आभूषण पूरी तरह सुरक्षित
चढ़ावा चोरी की खबरों के बीच देश-विदेश के श्रद्धालुओं में उपजी चिंताओं को दूर करते हुए ट्रस्ट ने साफ किया है:
- सुरक्षित है व्यक्तिगत दान: न्यास ने उन सभी श्रद्धालु भक्तों को आश्वस्त किया है जिन्होंने प्रभु श्रीराम की सेवा में चांदी की ईंटें, कीमती आभूषण आदि सामग्री सीधे ट्रस्ट के अधिकारियों को व्यक्तिगत रूप से (Person-to-Person) सौंपी थी। वह सारा सामान पूरी तरह सुरक्षित है और उसका एक-एक पाई का हिसाब रिकॉर्ड में उपलब्ध है।
Ram Mandir Donation Theft Champat Rai Resignation यूपी सरकार की SIT जांच के आधार पर FIR दर्ज
दानपात्रों (Hundi) से हुई चोरी के संबंध में ट्रस्ट ने उत्तर प्रदेश सरकार के स्तर पर चल रही कानूनी कार्रवाई की जानकारी दी:
- वैधानिक कार्रवाई जारी: मंदिर के दानपात्रों से प्राप्त राशि की घटना के संबंध में उत्तर प्रदेश शासन द्वारा गठित विशेष जांच दल (SIT) से एक अंतरिम रिपोर्ट प्राप्त हुई है।
- दोषियों को कड़ा दंड: इस एसआईटी रिपोर्ट के आधार पर ही ट्रस्ट के निवेदन पर पुलिस में एफआईआर (FIR) दर्ज कराई जा चुकी है और अपराधियों के खिलाफ कड़ी वैधानिक कार्रवाई जारी है। ट्रस्ट ने स्पष्ट किया कि सनातन धर्म पर लांछन लगाने वाले असामाजिक व स्वार्थी तत्वों के प्रयासों को कभी सफल नहीं होने दिया जाएगा।
Ram Mandir Donation Theft Champat Rai Resignation 11 जुलाई को होगी ट्रस्ट की महाबैठक, लिए जाएंगे 3 बड़े फैसले
राम मंदिर ट्रस्ट के सदस्य और उडुपी पीठाधीश्वर विश्व तीर्थ प्रपन्नाचार्य जी महाराज ने बताया कि ट्रस्ट की नियमित त्रैमासिक (हर 3 महीने में होने वाली) बैठक आगामी 11 जुलाई 2026 को आयोजित होने जा रही है। यह बैठक मंदिर के भविष्य और नए प्रशासनिक ढांचे के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण होगी:
- नया महासचिव: 11 जुलाई की बैठक में चंपत राय का इस्तीफा स्वीकार कर राम मंदिर ट्रस्ट के नए महासचिव (General Secretary) के नाम पर मुहर लग सकती है।
- नए सदस्य की नियुक्ति: त्यागपत्र दे चुके सदस्य डॉ. अनिल मिश्रा की जगह किसी अन्य योग्य चेहरे को ट्रस्ट में शामिल किया जा सकता है।
- सीईओ (CEO) की नियुक्ति: मंदिर की व्यवस्थाओं को पेशेवर और पारदर्शी तरीके से चलाने के लिए राम मंदिर परिसर में एक मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) की नियुक्ति का प्रस्ताव भी इस बैठक में पारित हो सकता है।





