Mohit Jain
मानसून खत्म होने के बाद ताजनगरी की हवा लगातार खराब हो रही है। अक्टूबर के 22 दिनों में केवल 1 दिन ही आगरा का एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) ‘गुड’ श्रेणी में रहा, जबकि बाकी दिन संतोषजनक और मॉडरेट श्रेणी में दर्ज किए गए।

केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) की रिपोर्ट के अनुसार, 1 अक्टूबर को AQI 49 दर्ज किया गया, जो ‘गुड’ श्रेणी में आता है। 2 से 9 अक्टूबर तक हवा संतोषजनक रही और AQI 59 से 86 के बीच रहा। 10 अक्टूबर के बाद स्थिति बिगड़ गई और AQI स्तर 135 से 152 के बीच आने लगा। 22 अक्टूबर को AQI 166 रिकॉर्ड किया गया।
संजय प्लेस आगरा का सबसे प्रदूषित क्षेत्र रहा। यहां 18 से 22 अक्टूबर तक AQI स्तर लगातार उच्च रहा, जिसमें 22 अक्टूबर को 248 दर्ज किया गया। रोहता, शाहजहां गार्डन और शास्त्रीपुरम जैसे अन्य क्षेत्रों में भी हवा की गुणवत्ता मॉडरेट और पुअर श्रेणी में रही।
विशेषज्ञों का कहना है कि मॉडरेट और पुअर श्रेणी में फेफड़ों के मरीज, अस्थमा और हृदय रोग से पीड़ित लोगों को सांस लेने में परेशानी हो सकती है। आगरा के नागरिकों को इस समय बाहर निकलते समय विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।





