Delhi-NCR faces dust storms: दिल्ली-NCR में ‘धूल का गुबार’ और समय से पहले गर्मी का टॉर्चर: मौसम वैज्ञानिक ने बताया- क्या ईरान के युद्ध का धुआं बन रहा है खतरा?

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Delhi-NCR faces dust storms

Delhi-NCR faces dust storms राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली और आसपास के इलाकों (NCR) में इन दिनों कुदरत के दोहरे रंग देखने को मिल रहे हैं। एक ओर आसमान में धूल की मोटी चादर लिपटी हुई है, जिससे विजिबिलिटी (दृश्यता) काफी कम हो गई है, तो दूसरी ओर मार्च के महीने में ही पारा रिकॉर्ड तोड़ रहा है। प्रदूषण और बढ़ती गर्मी के इस कॉकटेल ने दिल्लीवासियों की चिंता बढ़ा दी है। मौसम विभाग ने मंगलवार को अधिकतम तापमान 36 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान जताया है, जो सामान्य से काफी अधिक है।

Delhi-NCR faces dust storms बलूचिस्तान और राजस्थान से आई धूल ने बिगाड़ा दिल्ली का मिजाज

Delhi-NCR faces dust storms राजधानी के आसमान में अचानक बढ़ी डस्ट (धूल) का कारण समझाते हुए मौसम वैज्ञानिक महेश पालावत ने बताया कि पिछले कुछ दिनों में हवाओं के पैटर्न में बड़ा बदलाव आया है। 5 और 6 मार्च के दौरान 30 से 35 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से पश्चिमी हवाएं चलीं। ये तेज हवाएं अपने साथ बलूचिस्तान, मध्य पाकिस्तान और राजस्थान के रेगिस्तानी इलाकों से भारी मात्रा में धूल उड़ाकर लाई हैं। इसी वजह से दिल्ली-NCR के आसमान में धुंधलापन और धूल भरा माहौल बना हुआ है, जिससे प्रदूषण का स्तर भी बढ़ गया है।

Delhi-NCR faces dust storms एसिड रेन का डर: क्या ईरान की जंग का असर भारत पर पड़ेगा?

Delhi-NCR faces dust storms ईरान में जारी युद्ध और वहां की रिफाइनरियों में लगी आग के बाद सोशल मीडिया पर ‘एसिड रेन’ (अम्लीय वर्षा) को लेकर काफी चर्चा है। इस पर स्पष्टीकरण देते हुए मौसम वैज्ञानिक ने कहा कि ईरान में बमबारी के बाद उठा धुआं बादलों में मिलकर तेहरान के आसपास एसिड रेन का कारण बना है, लेकिन भारत को इससे घबराने की जरूरत नहीं है। ईरान से भारत की दूरी लगभग 2500 से 3000 किलोमीटर है। वर्तमान में हवाओं का रुख ऐसा है कि वह धुआं भारत की तरफ न आकर चीन और रूस की ओर जाएगा। इसलिए भारत में एसिड रेन की संभावना न के बराबर है।

Delhi-NCR faces dust storms मार्च में ही ‘जून’ जैसी तपिश: 40 डिग्री के पार जा सकता है पारा

Delhi-NCR faces dust storms उत्तर भारत में अचानक बढ़ी गर्मी ने सबको हैरान कर दिया है। वैज्ञानिक महेश पालावत के अनुसार, हवा में मौजूद प्रदूषक तत्व (Pollutants) सूरज की ऊर्जा को वायुमंडल में ही रोक लेते हैं, जिससे गर्मी बढ़ जाती है। वर्तमान में दिल्ली का तापमान सामान्य से 6-7 डिग्री सेल्सियस ज्यादा चल रहा है। विशेषज्ञों की मानें तो आने वाले कुछ दिनों में तपिश और बढ़ेगी और दिल्ली का पारा 40 डिग्री सेल्सियस के आंकड़े को भी पार कर सकता है। ऐसे में समय से पहले लू (Heatwave) जैसे हालात बनने की आशंका जताई जा रही है।

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