📍 स्थान: जबलपुर, मध्य प्रदेश
🗓️ तिथि: 14 जुलाई 2025
✍️ रिपोर्ट: स्वदेश न्यूज़ डेस्क
🔷 परिचय
मध्य प्रदेश हाईकोर्ट को नया नेतृत्व मिल गया है। जस्टिस संजीव सचदेवा को प्रदेश के 29वें मुख्य न्यायाधीश के रूप में नियुक्त किया गया है। उनकी नियुक्ति को राष्ट्रपति द्वारा मंजूरी दी गई है, जिससे न्यायपालिका के इस उच्च पद पर एक अनुभवी और योग्य न्यायमूर्ति की तैनाती सुनिश्चित हुई है।
📚 शिक्षा और प्रारंभिक जीवन
- जस्टिस संजीव सचदेवा का जन्म 26 दिसंबर 1964 को दिल्ली में हुआ था।
- उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय के प्रतिष्ठित श्रीराम कॉलेज ऑफ कॉमर्स से बी.कॉम (ऑनर्स) की डिग्री वर्ष 1985 में प्राप्त की।
- इसके बाद उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय के कैंपस लॉ सेंटर से एलएल.बी. की पढ़ाई 1988 में पूरी की।
👨⚖️ वकालत का सफर
- 1 अगस्त 1988 को वे दिल्ली बार काउंसिल में अधिवक्ता के रूप में पंजीकृत हुए।
- 1992 में उन्हें कॉमनवेल्थ यंग लॉयर्स कोर्स, यूनिवर्सिटी ऑफ लंदन के लिए चुना गया, जहां उन्होंने इंग्लैंड में सॉलिसिटर्स और बैरिस्टर्स के साथ कार्य किया।
- इसी वर्ष उन्हें ब्रिटिश काउंसिल स्कॉलरशिप भी प्राप्त हुई, जिससे वे भारत का प्रतिनिधित्व करने वाले पांच युवा वकीलों में शामिल हुए।
- 1995 में वे सुप्रीम कोर्ट ऑफ इंडिया में एडवोकेट ऑन रिकॉर्ड नियुक्त हुए।
🏛️ न्यायिक करियर
- 17 अप्रैल 2013 को उन्हें दिल्ली हाईकोर्ट में अतिरिक्त न्यायाधीश नियुक्त किया गया।
- बाद में, 18 मार्च 2015 को वे स्थायी न्यायाधीश बने।
- 3 मई 2024 को उन्होंने मध्य प्रदेश हाईकोर्ट, जबलपुर में स्थायी न्यायाधीश के रूप में शपथ ली।
🏅 मुख्य न्यायाधीश की नियुक्ति से पहले का अनुभव
- जस्टिस सचदेवा ने दो बार कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश के रूप में भी सेवाएं दी हैं:
- पहली बार: 9 जुलाई 2024 से 24 सितंबर 2024 तक
- दूसरी बार: 24 मई 2025 से
इन अनुभवों ने उन्हें अदालत की कार्यप्रणाली और प्रशासनिक जिम्मेदारियों में दक्ष बनाया।
🔎 महत्व और भविष्य की अपेक्षाएं
जस्टिस संजीव सचदेवा का उच्च न्यायिक अनुभव और शिक्षाविद् पृष्ठभूमि यह दर्शाती है कि वे इस जिम्मेदारी को पूरी निष्ठा और निष्पक्षता के साथ निभाएंगे। उनके नेतृत्व में मध्य प्रदेश हाईकोर्ट में न्याय की गुणवत्ता और पहुंच में सुधार की अपेक्षा की जा रही है।
📌 निष्कर्ष
मध्य प्रदेश के न्यायिक इतिहास में यह नियुक्ति एक अहम मोड़ है। जस्टिस संजीव सचदेवा जैसे अनुभवी और दूरदर्शी व्यक्ति का मुख्य न्यायाधीश बनना राज्य की न्यायिक प्रक्रिया को मजबूती देगा। अब सबकी निगाहें उनके कार्यकाल पर टिकी होंगी।





