BY: Yoganand Shrivastva
नई दिल्ली: सुप्रीम कोर्ट ने मुगल सम्राट बहादुर शाह ज़फर द्वितीय के परपोते की विधवा सुल्ताना बेगम की उस याचिका को खारिज कर दिया है, जिसमें उन्होंने खुद को मुगल राजवंश की उत्तराधिकारी बताते हुए लाल किले पर स्वामित्व की मांग की थी।
मुख्य न्यायाधीश संजय खन्ना की अगुवाई वाली पीठ ने याचिका को “अव्यावहारिक और असंगत” करार देते हुए स्पष्ट रूप से खारिज कर दिया। अदालत ने माना कि ऐसी मांगें ऐतिहासिक धरोहरों की सार्वजनिक प्रकृति को नजरअंदाज करती हैं और उनका कोई वैधानिक आधार नहीं है।
इससे पहले, यही याचिका दिल्ली हाई कोर्ट द्वारा भी खारिज की जा चुकी थी, जिसके बाद सुल्ताना बेगम ने सुप्रीम कोर्ट का रुख किया था।
गौरतलब है कि लाल किला एक राष्ट्रीय स्मारक है, जिसे भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (ASI) द्वारा संरक्षित किया गया है, और किसी एक व्यक्ति या वंश को इसके स्वामित्व की अनुमति नहीं दी जा सकती।
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