हनुमान जयंती के मौके पर एक मस्जिद के सामने जुलूस निकालने और उत्तेजक नारेबाजी करने के आरोप में BJP नेता और गुना पार्षद ओमप्रकाश (उर्फ गब्बर कुशवाह) के खिलाफ केस दर्ज होने के कुछ ही दिनों बाद गुना के SP संजीव कुमार सिन्हा का तबादला कर दिया गया है। उन्हें भोपाल पुलिस मुख्यालय में असिस्टेंट आईजीपी के पद पर भेजा गया है, जबकि इंदौर के डिप्टी कमिश्नर (अर्बन पुलिस) अंकित सोनी को नया SP नियुक्त किया गया है। हालांकि, पुलिस अधिकारियों का कहना है कि यह एक “रूटीन ट्रांसफर” है और इसका घटना से कोई संबंध नहीं है।
क्या हुआ था?
12 अप्रैल को गुना के कर्नलगंज इलाके में हनुमान जयंती के जुलूस को लेकर तनाव बढ़ गया था। आरोप है कि कुशवाह के नेतृत्व में निकाले गए जुलूस ने मदीना मस्जिद के सामने डीजे बजाकर और उत्तेजक नारे लगाकर सार्वजनिक शांति भंग की। पुलिस रिपोर्ट के मुताबिक, यह जुलूस कोल्हूपुरा से शुरू होकर कर्नलगंज होते हुए मस्जिद के सामने रुका, जहां भीड़ ने धार्मिक भावनाएं भड़काने वाले नारे लगाए।
SP संजीव सिन्हा ने बताया था कि जुलूस को अनुमति नहीं दी गई थी, लेकिन प्रतिभागियों ने मस्जिद के सामने रुककर हंगामा किया। कुशवाह ने एक अधिकारी से कहा, “तुम्हें ऐसे समझ नहीं आएगा, तुम्हें पाकिस्तान भेजना पड़ेगा।” इसके बाद पुलिस ने उनके खिलाफ BNS की धाराओं 191(2), 299 और 132 के तहत केस दर्ज किया।

क्या ट्रांसफर का घटना से कोई संबंध है?
पुलिस प्रशासन का कहना है कि SP का तबादला पहले से तय था और यह एक सामान्य प्रक्रिया है। हालांकि, यह सवाल उठना लाजिमी है कि जब एक BJP नेता के खिलाफ कार्रवाई हुई, तो क्या यह तबादला उसी का नतीजा है? अधिकारी इससे इनकार करते हैं।
इस मामले में अल्पसंख्यक समुदाय के 13 से ज्यादा लोगों को गिरफ्तार किया गया, जबकि विश्व हिंदू परिषद के कार्यकर्ताओं पर भी हनुमान चौराहा पर हंगामा करने का आरोप लगा।
नया SP कौन है?
अंकित सोनी, 2017 बैच के IPS अधिकारी, जो पहले इंदौर में डिप्टी कमिश्नर (अर्बन पुलिस) थे, अब गुना के नए SP होंगे। देखना होगा कि वह इस मामले में किस तरह की कार्रवाई करते हैं।
नोट: यह ट्रांसफर सामान्य प्रक्रिया है या फिर राजनीतिक दबाव का नतीजा, यह सवाल अभी बना हुआ है।





