Bhopal राजधानी के भोपाल-बैरसिया मार्ग पर पिछले कुछ समय से हो रहे जानलेवा हादसों के बाद आखिरकार प्रशासन की नींद टूट गई है। मीडिया और स्थानीय समाचार पत्रों द्वारा इस मुद्दे को प्रमुखता से उठाए जाने के बाद, पुलिस विभाग और क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय (RTO) ने संयुक्त रूप से मोर्चा संभाला। रविवार को बैरसिया रोड पर सघन चेकिंग अभियान चलाकर डंपर, ट्रक और बसों समेत भारी वाहनों की बारीकी से जांच की गई। इस कार्रवाई से नियम विरुद्ध वाहन चलाने वालों में हड़कंप मच गया।
Bhopal दस्तावेजों की जांच और ओवरलोडिंग पर ‘स्ट्राइक’
चेकिंग के दौरान अधिकारियों ने वाहनों के सभी 10 अनिवार्य दस्तावेजों (फिटनेस, बीमा, परमिट आदि) का मिलान किया।
- डंपरों पर शिकंजा: सबसे ज्यादा कार्रवाई उन डंपरों पर हुई जो रॉयल्टी लेने के बावजूद निर्धारित क्षमता से अधिक माल (ओवरलोड) भरकर सड़कों पर दौड़ रहे थे।
- सुरक्षा मानकों की अनदेखी: प्रशासन ने स्पष्ट किया कि हादसों का मुख्य कारण ओवरलोडिंग और तेज रफ्तार है, जिसे अब किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
Bhopal मीडिया के दबाव के बाद कुंभकर्णी नींद से जागा विभाग
बैरसिया रोड को लेकर लगातार खबरें प्रकाशित हो रही थीं कि प्रशासन मौन है और दुर्घटनाएं बढ़ रही हैं।
- पुरजोर विरोध का असर: क्षेत्रीय नागरिकों और मीडिया के भारी विरोध के बाद आरटीओ विभाग सक्रिय हुआ।
- संयुक्त टीम: इस विशेष अभियान में बैरसिया एसडीएम आशुतोष शर्मा, एसडीओपी वैशाली सिंह कराहलिया और आरटीओ जितेन्द्र शर्मा स्वयं फील्ड में उतरे। साथ ही बैरसिया और गुनगा थाने का भारी पुलिस बल तैनात रहा।
Bhopal ‘अभी थमेगी नहीं कार्रवाई’ – प्रशासन की चेतावनी
एसडीओपी वैशाली सिंह कराहलिया ने सख्त लहजे में कहा कि यह मात्र एक दिन की सांकेतिक कार्रवाई नहीं है।
- सतत निगरानी: उन्होंने भरोसा दिलाया कि अब बैरसिया रोड पर पुलिस और परिवहन विभाग की पैनी नजर रहेगी।
- नियमों का पालन: अधिकारियों ने वाहन चालकों को चेतावनी दी है कि वे यातायात नियमों और ओवरलोडिंग की सीमा का पालन करें, अन्यथा उनके परमिट निरस्त कर वाहन जब्त किए जाएंगे।





