प्रियंका गांधी से बांसुरी स्वराज तक: टोट बैग का नया ट्रेंड

- Advertisement -
Swadesh NewsAd image
bansuri swaraj टोट बैग

नमस्ते दोस्तों, आज हम बात करने जा रहे हैं एक ऐसे ट्रेंड की, जो न सिर्फ फैशन की दुनिया में तहलका मचा रहा है, बल्कि सामाजिक और राजनीतिक संदेश देने का भी माध्यम बन गया है। जी हां, हम बात कर रहे हैं टोट बैग की, जिसे हाल ही में प्रियंका गांधी और बांसुरी स्वराज जैसी हस्तियों ने सुर्खियों में ला दिया है। लेकिन क्या है ये टोट बैग? क्यों हो रही है इसकी इतनी चर्चा? और क्यों इसे हर कोई अपने स्टाइल का हिस्सा बनाना चाहता है? चलिए, इसे डिटेल में समझते हैं, जैसे मैं, आपका दोस्त, आपको आम बोलचाल में समझाता हूँ।


टोट बैग का क्रेज: प्रियंका गांधी और बांसुरी स्वराज ने क्यों चुना?

पिछले कुछ महीनों में टोट बैग ने फैशन की दुनिया में अपनी खास जगह बनाई है, और इसका क्रेडिट जाता है कुछ हाई-प्रोफाइल हस्तियों को। दिसंबर 2024 में प्रियंका गांधी को एक टोट बैग के साथ देखा गया, जिस पर लिखा था “PALESTINE”। ये बैग इजरायल-फिलिस्तीन मुद्दे पर उनका स्टैंड दिखा रहा था। इसके बाद उन्होंने एक और टोट बैग कैरी किया, जिस पर लिखा था “बांग्लादेश के हिंदू और ईसाई साथ खड़े हों”, जो बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे अत्याचारों के खिलाफ उनका संदेश था।

दूसरी तरफ, बांसुरी स्वराज, जो बीजेपी सांसद और सुषमा स्वराज की बेटी हैं, ने भी टोट बैग के जरिए अपनी बात रखी। उनके बैग पर लिखा था “नैशनल हेराल्ड की लूट”, जो कांग्रेस पार्टी पर एक तंज था। ये दोनों घटनाएं दिखाती हैं कि टोट बैग अब सिर्फ फैशन का हिस्सा नहीं है, बल्कि ये एक पावरफुल स्टेटमेंट देने का जरिया भी बन गया है। लेकिन सवाल ये है कि आखिर टोट बैग में ऐसा क्या खास है?


टोट बैग क्या है? इसकी शुरुआत कहां से हुई?

टोट शब्द का मतलब है “ढोना” या “ले जाना”। पहले टोट बैग का इस्तेमाल सिर्फ सामान ढोने के लिए होता था। ये वो दौर था जब लोग प्लास्टिक बैग्स के विकल्प के तौर पर रीयूजेबल शॉपिंग बैग इस्तेमाल करते थे। टोट बैग को डिजाइन ही इस तरह किया गया था कि इसमें ढेर सारा सामान आसानी से आ जाए। लेकिन समय के साथ ये बैग फैशन स्टेटमेंट बन गया।

आज टोट बैग को जूट, कॉटन, या कैनवास जैसे इको-फ्रेंडली मटेरियल से बनाया जाता है। इसकी खासियत ये है कि ये डिस्पोजेबल प्लास्टिक बैग्स का बेहतरीन विकल्प है। ये न सिर्फ पर्यावरण के लिए अच्छा है, बल्कि इसका डिजाइन और स्टाइल इसे हर उम्र और क्लास के लोगों के लिए पसंदीदा बनाता है।

bansuri swaraj टोट बैग

टोट बैग क्यों है इतना खास?

  1. इको-फ्रेंडली और सस्टेनेबल:
    टोट बैग को नेचुरल फैब्रिक्स जैसे जूट और कॉटन से बनाया जाता है। ये बैग प्लास्टिक की तुलना में कहीं ज्यादा पर्यावरण के अनुकूल हैं। यही वजह है कि इसे एलीट क्लास और पर्यावरण के प्रति जागरूक लोग खूब पसंद कर रहे हैं।
  2. फैशनेबल और वर्सेटाइल:
    टोट बैग को आप इंडियन और वेस्टर्न दोनों तरह के आउटफिट्स के साथ कैरी कर सकते हैं। चाहे साड़ी हो, सूट हो, या जींस-टॉप, ये बैग हर लुक को स्टाइलिश बनाता है। साथ ही, इस पर प्रिंटेड डिजाइन्स और स्लोगन्स इसे और आकर्षक बनाते हैं।
  3. स्पेस की कोई कमी नहीं:
    टोट बैग का सबसे बड़ा फायदा है इसकी कैपेसिटी। आप इसमें किताबें, लैपटॉप, पानी की बोतल, सनस्क्रीन, टॉवल, या ट्रैवलिंग का सामान आसानी से रख सकते हैं। यही वजह है कि ये कॉलेज स्टूडेंट्स, ट्रैवलर्स, और बीच वेकेशन के लिए परफेक्ट है।
  4. पॉलिटिकल और सोशल स्टेटमेंट:
    जैसा कि हमने प्रियंका गांधी और बांसुरी स्वराज के उदाहरण में देखा, टोट बैग अब सिर्फ सामान रखने का जरिया नहीं है। लोग इस पर अपने विचार, स्लोगन्स, और मैसेज प्रिंट करवाकर अपनी बात दुनिया तक पहुंचा रहे हैं। ये बैग एक वॉकिंग बिलबोर्ड की तरह काम करता है।

टोट बैग किसके लिए है? स्टाइल टिप्स

टोट बैग हर किसी के लिए है, लेकिन इसे सही तरीके से कैरी करने के लिए कुछ बातों का ध्यान रखना जरूरी है। फैशन एक्सपर्ट्स के मुताबिक:

  • हाइट का ध्यान रखें: टोट बैग आमतौर पर बड़े साइज का होता है। अगर आपकी हाइट कम है, तो ये बैग आपकी हाइट को और लंबा दिखाने में मदद करेगा। वहीं, लंबी हाइट वालों को छोटे साइज के बैग चुनने चाहिए।
  • बॉडी टाइप: अगर आपका वजन ज्यादा है, तो टोट बैग से बचें, क्योंकि ये आपकी बॉडी को और भारी दिखा सकता है।
  • ऑकेजन: कॉलेज, ट्रैवलिंग, या कैजुअल आउटिंग के लिए टोट बैग बेस्ट है। लेकिन फॉर्मल इवेंट्स के लिए छोटे क्लच या हैंडबैग बेहतर रहेंगे।

टोट बैग का भविष्य: फैशन से ज्यादा कुछ

टोट बैग का क्रेज सिर्फ फैशन तक सीमित नहीं है। ये एक सोशल मूवमेंट का हिस्सा बन चुका है। लोग इसे इस्तेमाल करके न सिर्फ पर्यावरण की रक्षा कर रहे हैं, बल्कि अपनी आवाज भी बुलंद कर रहे हैं। चाहे वो प्रियंका गांधी का फिलिस्तीन सपोर्ट हो, या बांसुरी स्वराज का पॉलिटिकल मैसेज, टोट बैग अब एक आइडेंटिटी बन गया है।

साथ ही, ये बैग अफोर्डेबल भी है। मार्केट में 200 रुपये से लेकर 2000 रुपये तक के टोट बैग आसानी से मिल जाते हैं। कई ब्रांड्स अब कस्टमाइज्ड टोट बैग्स भी ऑफर कर रहे हैं, जहां आप अपने मनपसंद डिजाइन या मैसेज प्रिंट करवा सकते हैं।


निष्कर्ष: टोट बैग क्यों अपनाएं?

तो दोस्तों, टोट बैग सिर्फ एक बैग नहीं है। ये स्टाइल, सस्टेनेबिलिटी, और स्टेटमेंट का परफेक्ट कॉम्बिनेशन है। ये आपको न सिर्फ फैशनेबल बनाता है, बल्कि पर्यावरण के प्रति आपकी जिम्मेदारी को भी दिखाता है। और हां, अगर आप कोई मैसेज दुनिया तक पहुंचाना चाहते हैं, तो टोट बैग से बेहतर कोई ऑप्शन नहीं।

सऊदी अरब के ‘स्लीपिंग प्रिंस’ की दिल छू लेने वाली कहानी

Lucknow : यूपी में होली का डबल धमाका: कर्मचारियों को समय से पहले वेतन और 3 दिन का अवकाश

Lucknow होली के रंगोत्सव को देखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विशेष

ANGANWADI PROTEST 27 Forbury : आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं का कलेक्ट्रेट घेराव, विधानसभा घेराव की चेतावनी

ANGANWADI PROTEST : छत्तीसगढ़ के महासमुंद जिले में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और सहायिकाओं

GWALIOR : कोचिंग के बाहर साइकिल चोरी करने वाली गैंग गिरफ्तार, 6 साइकिल बरामद

GWALIOR : कोचिंग सेंटरों के बाहर से छात्रों की साइकिल चोरी करने

Rail Line Fire: गौरेला-पेंड्रा-मरवाही में रेल निर्माण यार्ड में भीषण आग, करोड़ों का नुकसान

report by: Prayas Rail Line Fire: गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले में पेंड्रारोड-गेवरोड नई रेल

Bhiwani में अतिक्रमण पर नगर परिषद सख्त, मुनादी कर हटाने के निर्देश

Report by: JD Duggal Bhiwani: भिवानी में अतिक्रमण को लेकर नगर परिषद

Roorkee: किशनपुर जमालपुर में दो पक्षों के बीच खूनी संघर्ष, जमकर पथराव; वीडियो वायरल

Report by: Salman Malik Roorkee: रुड़की के भगवानपुर कोतवाली क्षेत्र के किशनपुर

President Droupadi Murmu ने जैसलमेर में प्रचंड हेलीकॉप्टर में भरी उड़ान, रचा इतिहास

President Droupadi Murmu: राजस्थान के जैसलमेर में शुक्रवार को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू

Chhapra : शोक में डूबा सारण: ड्यूटी के दौरान एनएसजी कमांडो प्रकाश यादव का निधन

रिपोर्ट: पवन कुमार सिंह Chhapra बिहार के सारण जिले के मांझी प्रखंड

Jharkhand : पूर्व सीएम चंपई सोरेन के पोते बीर सोरेन पंचतत्व में विलीन

रिपोर्ट: प्रेम श्रीवास्तव Jharkhand झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री चंपई सोरेन के पैतृक

Zirakpur में नीड टोन होटल में भीषण आग, कोई हताहत नहीं

Report by: Kuldeep Saini Zirakpur: जीरकपुर के पीरमुसला क्षेत्र में स्थित नीड

Jamtara: योजना निरीक्षण के दौरान बीडीओ से हाथापाई, आरोपी गिरफ्तार

Report by: Ratan Kumar Jamtara: जामताड़ा जिले के करमाटांड़ प्रखंड में योजना

Haridwar: कनखल में टेंट हाउस में भीषण आग, लाखों का नुकसान

Report by: Dharmraj Haridwar: हरिद्वार के कनखल थाना क्षेत्र में देर रात

Yamuna Nagar: आम्बवाली गांव में गोकशी का भंडाफोड़, डेढ़ क्विंटल गोमांस बरामद

Report by: Rajeev Mehta Yamuna Nagar: यमुनानगर के प्रतापनगर कस्बे के आम्बवाली

Congo: पूर्वी कांगो में 171 शव मिलने से मचा हड़कंप, एम23 विद्रोहियों पर हत्या का शक

Congo: पूर्वी कांगो के उविरा क्षेत्र में 171 शवों का बड़ा अंबार