Report: Pradeep Bansal
Machalpur Sawan Last Monday सावन के अंतिम सोमवार के अवसर पर माचलपुर नगर के प्रमुख शिव मंदिरों में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी। सुबह से ही अलग-अलग शिवालयों में भक्तों की कतारें लग गईं। हजारों श्रद्धालुओं ने भगवान भोलेनाथ का जलाभिषेक कर पूजा-अर्चना की और परिवार की सुख-समृद्धि की कामना की। पूरे नगर में दिनभर भक्ति और उत्साह का माहौल बना रहा।
प्राचीन मान्यताओं से जुड़ा है माचलपुर
Machalpur Sawan Last Monday माचलपुर को प्राचीन समय में हिमाचल नगरी के नाम से जाने जाने की मान्यता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार नगर की बाघा बल्डी में भगवान शिव और माता पार्वती का विवाह हुआ था। यहां आज भी सात फेरों के प्रतीक स्वरूप निशान मौजूद बताए जाते हैं। मान्यता है कि नवविवाहित जोड़े इनकी परिक्रमा कर सुखी और सफल दांपत्य जीवन की कामना करते हैं।

शिवालयों में विशेष श्रृंगार बना आकर्षण
Machalpur Sawan Last Monday सावन के अंतिम सोमवार को नगर के प्रमुख शिव मंदिरों में विशेष पूजा-अर्चना और आकर्षक श्रृंगार किया गया। मनकामनेश्वर महादेव मंदिर में भगवान भोलेनाथ का बाबा बर्फानी स्वरूप में किया गया श्रृंगार श्रद्धालुओं के आकर्षण का प्रमुख केंद्र रहा। वहीं स्वयंभू गुप्तेश्वर महादेव मंदिर में फूलों से की गई विशेष सजावट ने भक्तों का ध्यान खींचा। श्रद्धालुओं ने भगवान को जल, दूध और बेलपत्र अर्पित कर पूजा की।
इसके अलावा बाबा बिल्लेश्वर महादेव मंदिर में भी बड़ी संख्या में भक्त दर्शन के लिए पहुंचे। सुबह से ही मंदिरों में हर-हर महादेव के जयकारे सुनाई देते रहे।
बाघा बल्डी पर चार क्विंटल खिचड़ी का प्रसाद
Machalpur Sawan Last Monday सावन के अंतिम सोमवार पर बाघा बल्डी में श्रद्धालुओं के लिए करीब चार क्विंटल खिचड़ी के प्रसाद का वितरण किया गया। राधेश्याम सोनी की ओर से आयोजित इस प्रसाद वितरण कार्यक्रम में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया।
मंदिरों में विशेष पूजा, आकर्षक श्रृंगार और प्रसाद वितरण के चलते माचलपुर का माहौल पूरी तरह शिवमय नजर आया। सावन के अंतिम सोमवार पर उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़ ने नगर की धार्मिक आस्था और परंपरा की झलक दिखाई।




