BY
Yoganand Shrivastava
Kolkata पश्चिम बंगाल में सत्ता परिवर्तन के बाद मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी की सरकार लगातार बड़े और जनहितैषी फैसले ले रही है। सोमवार को सीएम सुवेंदु अधिकारी की अध्यक्षता में हुई अहम कैबिनेट बैठक में राज्य की जनता, विशेषकर महिलाओं और सरकारी कर्मचारियों के लिए कई ऐतिहासिक घोषणाएं की गईं। सरकार ने चुनाव के दौरान किए गए अपने प्रमुख वादों को अमलीजामा पहनाते हुए महिलाओं के लिए वित्तीय सहायता और मुफ्त सफर की तारीख का आधिकारिक ऐलान कर दिया है।

Kolkata 1 जून से लागू होंगी महिलाओं के लिए दो बड़ी योजनाएं
कैबिनेट बैठक के बाद मीडिया को ब्रीफ करते हुए राज्य सरकार की मंत्री अग्निमित्रा पॉल ने बताया कि महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए बहुप्रतीक्षित ‘अन्नपूर्णा योजना’ को कैबिनेट ने हरी झंडी दे दी है।
- ₹3000 की मासिक सहायता: इस योजना के अंतर्गत पश्चिम बंगाल की पात्र महिलाओं को 1 जून 2026 से हर महीने 3,000 रुपये की आर्थिक सहायता सीधे उनके बैंक खातों में भेजी जाएगी।
- फ्री बस यात्रा: आर्थिक मदद के साथ ही, 1 जून से ही राज्य की सभी सरकारी बसों में महिलाओं के लिए सफर पूरी तरह से मुफ्त (Free) कर दिया गया है।
- नागरिकता आवेदकों को भी लाभ: सीएए (CAA) के तहत नागरिकता के लिए आवेदन करने वाले और मतदाता सूची में शामिल होने वाले न्यायाधिकरणों के सदस्यों को भी ‘अन्नपूर्णा’ योजना के दायरे में शामिल किया जाएगा।
Kolkata सरकारी कर्मचारियों को तोहफा: सातवें वेतन आयोग के गठन को मंजूरी
राज्य के सरकारी सेवकों के लिए भी यह कैबिनेट बैठक बड़ी खुशखबरी लेकर आई। मंत्री अग्निमित्रा पॉल ने जानकारी दी कि पश्चिम बंगाल की भाजपा सरकार ने अपने राज्य कर्मचारियों, संबद्ध वैधानिक निकायों (Statutory Bodies) और सभी शैक्षणिक संस्थानों के स्टाफ के लिए सातवें राज्य वेतन आयोग के गठन को मंजूरी दे दी है। इससे कर्मचारियों के वेतन और भत्तों में बड़ा सुधार देखने को मिलेगा।

Kolkata धार्मिक तुष्टिकरण पर रोक, ओबीसी और इंफ्रास्ट्रक्चर पर अहम निर्णय
Kolkata कैबिनेट की इस बैठक में कुछ अन्य नीतिगत और कड़े फैसले भी लिए गए हैं:
- तुष्टिकरण पर रोक: सरकार ने फैसला किया है कि धार्मिक वर्गीकरण के आधार पर अलग-अलग समूहों को दी जाने वाली सरकारी सहायता को आगामी जून महीने से पूरी तरह से बंद कर दिया जाएगा।
- OBC आरक्षण पर स्टैंड: राज्य सरकार अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) कैटेगरी के मामले में पूरी तरह से हाई कोर्ट के दिशानिर्देशों और फैसले के आधार पर ही आगे काम करेगी।
- ग्रीन ट्रांसपोर्ट: बंगाल के परिवहन ढांचे को सुधारने और प्रदूषण कम करने के लिए जल्द ही नई इलेक्ट्रिक बसें (E-Buses) सड़कों पर उतारी जाएंगी।
- पंद्रह दिनों में बैठक: सरकार के कामकाज में तेजी लाने के लिए अब हर 15 दिन में कैबिनेट की बैठक आयोजित करने का निर्णय लिया गया है।





