Report: Sanjeev kumar
Bokaro भगवान श्रीराम के जन्मोत्सव ‘रामनवमी’ को शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न कराने के लिए बोकारो जिला प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद है। संवेदनशील इलाकों से लेकर मुख्य बाजारों तक पुलिस की पैनी नजर है और किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए पुख्ता रणनीति तैयार की गई है।
Bokaro 3-स्तरीय सुरक्षा घेरा और डिजिटल निगरानी
प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था को चाक-चौबंद करने के लिए आधुनिक तकनीक और मानव बल का बेहतर समन्वय किया है:
- कंट्रोल रूम: मुख्य पुलिस कंट्रोल रूम के साथ-साथ जुलूस के सभी प्रमुख मार्गों पर मिनी कंट्रोल रूम स्थापित किए गए हैं।
- CCTV निगरानी: पूरे जुलूस मार्ग की निगरानी हाई-डेफिनिशन सीसीटीवी कैमरों से की जाएगी। असामाजिक तत्वों की पहचान के लिए विशेष टीमें स्क्रीन पर नजर रखेंगी।
- मजिस्ट्रेट की तैनाती: शहर के चप्पे-चप्पे पर मजिस्ट्रेट और भारी पुलिस बल तैनात किया गया है।
Bokaro 2000 ‘पुलिस मित्र’ बनेंगे जनता की आवाज
एसपी हरविंदर सिंह ने एक अनूठी पहल की जानकारी देते हुए बताया कि जिले में करीब 2000 पुलिस मित्र तैनात किए गए हैं। ये पुलिस मित्र आम जनता और पुलिस प्रशासन के बीच सेतु का काम करेंगे, जिससे किसी भी सूचना का आदान-प्रदान तुरंत हो सके और भीड़ नियंत्रण में आसानी हो।
Bokaro संवेदनशील क्षेत्रों में फ्लैग मार्च
उपायुक्त अजय नाथ झा ने स्पष्ट किया है कि जिले में सुरक्षा के इंतजाम इतने पुख्ता हैं कि आम नागरिकों को डरने की बिल्कुल जरूरत नहीं है। पुलिस बल द्वारा संवेदनशील क्षेत्रों में लगातार फ्लैग मार्च निकाला जा रहा है, जिसका उद्देश्य जनता में विश्वास जगाना और उपद्रवियों को कड़ा संदेश देना है।
Bokaro प्रशासन की अपील: अफवाहों से बचें
जिला प्रशासन ने आम जनता से विशेष अपील की है कि वे सोशल मीडिया पर फैलने वाली किसी भी भ्रामक अफवाह पर ध्यान न दें। पर्व को आपसी भाईचारे और शांति के साथ मनाएं। किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत नजदीकी पुलिस स्टेशन या कंट्रोल रूम को दें।





