BY: Yoganand Shrivastva
Uttar Pradesh उत्तर प्रदेश में 2027 के विधानसभा चुनाव को अभी समय है, लेकिन राजनीतिक दलों ने तैयारियां तेज कर दी हैं। राजधानी लखनऊ में बीजेपी, समाजवादी पार्टी और बहुजन समाज पार्टी ने अलग-अलग बैठकों के जरिए संगठन को मजबूत करने और चुनावी रणनीति को धार देने पर जोर दिया। तीनों दलों की गतिविधियों से प्रदेश में चुनावी हलचल बढ़ती नजर आ रही है।
बीजेपी ने सेवा संकल्प अभियान को लेकर की कार्यशाला
Uttar Pradesh बीजेपी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन से शुरू होने वाले सेवा संकल्प अभियान की तैयारियों को लेकर कार्यशाला आयोजित की। इसमें मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी, राष्ट्रीय महामंत्री स्मृति ईरानी, उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य और ब्रजेश पाठक समेत पार्टी के 98 जिलाध्यक्ष शामिल हुए।

बैठक में अभियान के दौरान एक महीने तक 13 अलग-अलग प्रकार के कार्यक्रम आयोजित करने की योजना पर चर्चा हुई। कार्यकर्ताओं को सरकार की योजनाओं और उपलब्धियों को लोगों तक पहुंचाने के साथ लाभार्थियों से संपर्क बढ़ाने की जिम्मेदारी दी गई। पार्टी ने सामाजिक गतिविधियों और जनसंपर्क कार्यक्रमों के जरिए संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूत करने पर भी जोर दिया।
अखिलेश ने जिलाध्यक्षों को बूथ स्तर पर सक्रिय रहने के दिए निर्देश
Uttar Pradesh समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव ने भी पार्टी के 75 जिलाध्यक्षों के साथ बैठक की। उन्होंने पदाधिकारियों को आगामी विधानसभा चुनाव के मद्देनजर बूथ स्तर पर सक्रिय रहने के निर्देश दिए।
Uttar Pradesh अखिलेश यादव ने बीजेपी पर सपा समर्थकों के नाम मतदाता सूची से हटाने की कोशिश करने का आरोप लगाया। उन्होंने पार्टी कार्यकर्ताओं से मतदाता सूची पर लगातार नजर रखने और हर बूथ पर संगठन को मजबूत करने की अपील की। सपा की ओर से चुनावी प्रचार अभियान को भी आगे बढ़ाने की तैयारी की जा रही है।
मायावती ने संगठन को मजबूत करने पर दिया जोर
Uttar Pradesh बसपा प्रमुख मायावती ने भी जिलाध्यक्षों और पार्टी पदाधिकारियों के साथ बैठक कर चुनावी तैयारियों की समीक्षा की। उन्होंने कार्यकर्ताओं से जनता के बीच जाकर विभिन्न मुद्दों को उठाने की अपील की।
मायावती ने खास तौर पर महिलाओं और दूसरे वर्गों से जुड़े चुनावी वादों को लेकर जनता को जागरूक करने पर जोर दिया। उन्होंने कार्यकर्ताओं को सरकारों के वादों और उनके क्रियान्वयन के बीच के अंतर को लोगों तक पहुंचाने की सलाह दी।
इसी बीच उत्तर प्रदेश के परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह ने अखिलेश यादव के STF को लेकर लगाए गए आरोपों पर पलटवार किया। उन्होंने योगी सरकार में कानून-व्यवस्था बेहतर होने का दावा करते हुए कहा कि STF ने माफिया और अपराधियों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई की है।




