Raigarh Ganja Seized : उड़ीसा से एमपी जा रही थी 1.50 करोड़ की खेप, लैलूंगा पुलिस ने लग्जरी गाड़ियों के साथ 3 तस्करों को दबोचा।
Raigarh Ganja Seized : छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में पुलिस ने अंतरराज्यीय गांजा तस्करों के खिलाफ एक बड़ी और कामयाबी भरी कार्रवाई को अंजाम दिया है। लैलूंगा थाना क्षेत्र में पुलिस ने घेराबंदी कर करीब 300 किलोग्राम गांजा जब्त किया है, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत करोड़ों रुपये आंकी जा रही है। इस मामले में पुलिस ने तीन शातिर तस्करों को भी दबोचा है, जो लग्जरी गाड़ियों के जरिए इस काले कारोबार को अंजाम दे रहे थे।

Raigarh Ganja Seized : उड़ीसा से मध्य प्रदेश भेजने की थी तैयारी, मुखबिर की सूचना पर बिछाया जाल
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, मादक पदार्थ की यह बड़ी खेप उड़ीसा से छत्तीसगढ़ के रास्ते मध्य प्रदेश के अनूपपुर जिले में खपाने के लिए ले जाई जा रही थी। पुलिस को इस बात की सटीक मुखबिरी मिली थी। सूचना मिलते ही लैलूंगा पुलिस अलर्ट मोड पर आई और तत्काल कटकलिया मार्ग पर नाकेबंदी कर दी गई। तभी रास्ते से गुजर रही एक सफेद रंग की इनोवा क्रिस्टा और एक मारुति सुजुकी एक्सएल-6 को संदिग्ध मानकर रोका गया। जब दोनों लग्जरी वाहनों की बारीकी से तलाशी ली गई, तो पुलिस अधिकारी भी दंग रह गए। गाड़ियों के भीतर भारी मात्रा में गांजे के पैकेट छिपाकर रखे गए थे।

Raigarh Ganja Seized : डबल नंबर प्लेट का खेल और 1.86 करोड़ की कुल जब्ती
जांच के दौरान पुलिस को चकमा देने के लिए तस्करों द्वारा अपनाई गई एक बेहद शातिर तरकीब का भी भंडाफोड़ हुआ। आरोपियों ने इनोवा क्रिस्टा वाहन में डबल नंबर प्लेट लगा रखी थी, ताकि राज्यों की सीमा पार करते वक्त या पुलिस चेकिंग के दौरान वे आसानी से बच निकलें।
जब्ती का पूरा ब्यौरा :-
कुल गांजा : 300 किलोग्राम (अनुमानित बाजार कीमत ₹1,50,00,000 यानी 1.50 करोड़ रुपये)
वाहन : 2 लग्जरी कारें (इनोवा क्रिस्टा और मारुति XL-6)
अन्य सामान : 5 मोबाइल फोन
कुल जब्ती की कीमत : लगभग ₹1,86,00,000 (1 करोड़ 86 लाख रुपये)

Raigarh Ganja Seized : गिरफ्तार आरोपियों की हुई पहचान, NDPS एक्ट के तहत केस दर्ज
पुलिस ने मौके से गांजे की तस्करी कर रहे तीन आरोपियों को हिरासत में लिया है, जिनकी पहचान इस प्रकार हुई है :-
निखिल कश्यप
रिंकु कश्यप
धर्मेंद्र कुमार मौर्य

पुलिस ने तीनों आरोपियों के खिलाफ स्वापक औषधि और मनःप्रभावी पदार्थ अधिनियम (NDPS Act) के तहत मामला दर्ज कर उन्हें जेल भेज दिया है। पुलिस अब इस पूरे तस्करी नेटवर्क की गहराई से जांच कर रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि उड़ीसा में इन्हें गांजा सप्लाई करने वाला कौन था और मध्य प्रदेश में यह खेप किसे डिलीवर होने वाली थी।





