Isa Ahmad
Nagaramuda Tree Cutting: छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले के तमनार विकासखंड स्थित ग्राम नागरामूड़ा में पेड़ों की कटाई को लेकर नया विवाद सामने आया है। स्थानीय ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि जिंदल प्रबंधन द्वारा भारी पुलिस बल की मौजूदगी में बड़े पैमाने पर पेड़ों की कटाई कराई जा रही है। ग्रामीणों का दावा है कि इस कार्रवाई के लिए ग्राम सभा की वैधानिक सहमति नहीं ली गई है।
ग्रामीणों का कहना है कि पेड़ों की कटाई वनाधिकार कानून, पर्यावरण संरक्षण और स्थानीय लोगों के संवैधानिक अधिकारों का उल्लंघन है। उनका आरोप है कि बिना ग्राम सभा की मंजूरी के इस तरह की कार्रवाई करना केवल पर्यावरण को नुकसान पहुंचाना नहीं, बल्कि लोकतांत्रिक प्रक्रिया की भी अनदेखी है।
Nagaramuda Tree Cutting: ग्रामीणों का दावा- ग्राम सभा की सहमति के बिना भारी पुलिस बल की मौजूदगी में की जा रही पेड़ों की कटाई
Nagaramuda Tree Cutting: स्थानीय लोगों ने प्रशासन से तत्काल हस्तक्षेप कर पेड़ों की कटाई पर रोक लगाने की मांग की है। साथ ही उन्होंने कटाई से संबंधित सभी वैधानिक अनुमति, पर्यावरणीय स्वीकृतियों और ग्राम सभा के दस्तावेज सार्वजनिक किए जाने की भी मांग उठाई है, ताकि पूरे मामले में पारदर्शिता बनी रहे।
Nagaramuda Tree Cutting: वनाधिकार और पर्यावरण संरक्षण का मुद्दा गरमाया, दस्तावेज सार्वजनिक करने और कटाई पर रोक की मांग
पेड़ों की कटाई को लेकर क्षेत्र में आक्रोश लगातार बढ़ रहा है। ग्रामीणों ने संकेत दिए हैं कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। पर्यावरण संरक्षण और वनाधिकार से जुड़े संगठनों ने भी इस मामले पर चिंता जताई है।
READ ALSO: Aaj Ka Panchang : आज आषाढ़ शुक्ल पक्ष तृतीया, जानें शुभ मुहूर्त, राहुकाल और चौघड़िया
हालांकि, इन आरोपों पर जिंदल प्रबंधन और जिला प्रशासन की ओर से समाचार लिखे जाने तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। प्रशासन का पक्ष आने के बाद उसे भी प्रमुखता से प्रकाशित किया जाएगा।





