संसद का मानसून सत्र: सदन की गरिमा बनाना सबकी जिम्मेदारी, अखिलेश यादव पर लोकसभा स्पीकर क्यों हुए नाराज़?

- Advertisement -
Swadesh NewsAd image
Monsoon session of Parliament: It is everyone's responsibility to maintain the dignity of the House, why is the Lok Sabha Speaker angry with Akhilesh Yadav?

BY: VIJAY NANDAN

संसद का मानसून सत्र जैसे ही शुरू हुआ, विपक्ष के जोरदार हंगामे के चलते पहले ही दिन कार्यवाही बाधित हो गई। सुबह 11 बजे जैसे ही राष्ट्रगान के बाद लोकसभा की कार्यवाही शुरू हुई, विपक्षी सांसदों ने शोरगुल और नारेबाजी शुरू कर दी। इस स्थिति से खफा होकर लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने सभी सदस्यों को सदन की मर्यादा बनाए रखने की अपील की, लेकिन इसका कोई असर नहीं दिखा। इस दौरान उन्होंने समाजवादी पार्टी के नेता अखिलेश यादव को भी कड़ी नसीहत दी।

लोकसभा अध्यक्ष की दो-टूक बात:

लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने कहा, “यह सदन देश की जनता की उम्मीदों और भावनाओं का प्रतिनिधित्व करता है। ऐसे में जरूरी है कि हम उस भावना के अनुरूप चर्चा करें, न कि शोर-शराबा करके उसकी गरिमा को ठेस पहुंचाएं।” उन्होंने सभी सांसदों से अपील की कि यदि किसी को कोई मुद्दा उठाना है, तो वे नियमानुसार प्रश्नकाल के लिए नोटिस दें।

अखिलेश यादव को लेकर नाराज़गी क्यों?

हंगामे के बीच जब कुछ सांसद तख्तियां लेकर सदन में नजर आए, तो ओम बिरला विशेष रूप से अखिलेश यादव को संबोधित करते हुए बोले, “अखिलेश जी, कृपया अपने सभी साथियों से कहिए कि वे तख्तियां लेकर सदन में न आएं। प्रश्नकाल के बाद मैं सभी जरूरी विषयों पर चर्चा की अनुमति दूंगा।” इसके बावजूद जब हंगामा जारी रहा, तो अध्यक्ष ने नाराज़गी जताते हुए कहा कि संसद के पहले दिन ही इस तरह का रवैया बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है।

स्पीकर की अपील का भी नहीं पड़ा असर

ओम बिरला बार-बार सदस्यों से संयम बरतने और सदन को चलने देने की गुजारिश करते रहे, लेकिन विपक्षी दलों का विरोध थमता नहीं दिखा। अंततः मजबूरी में सदन की कार्यवाही 12 बजे तक स्थगित करनी पड़ी। इस पूरे घटनाक्रम के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी सदन में उपस्थित थे।

पीएम मोदी की विपक्ष से अपील

सत्र शुरू होने से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सभी दलों से सकारात्मक सहयोग की अपील की थी। उन्होंने कहा था, “हर दल का अपना दृष्टिकोण और एजेंडा हो सकता है, लेकिन देशहित में सभी को एक साथ आना चाहिए।” उन्होंने इस सत्र को ‘विजयोत्सव’ बताया और ऑपरेशन सिंदूर के ज़रिए भारत की सैन्य ताकत को पूरी दुनिया में प्रमाणित बताया।


लोकसभा का मानसून सत्र देश के अहम मुद्दों पर चर्चा का अवसर है, लेकिन पहले ही दिन विपक्ष के रवैये और हंगामे ने गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला की साफ चेतावनी और प्रधानमंत्री मोदी की सकारात्मक अपील के बावजूद सदन की कार्यवाही बाधित होना न केवल संसदीय मर्यादा के लिए चुनौती है, बल्कि जनता के विश्वास के साथ भी एक खिलवाड़ है।

- Advertisement -
Ad imageAd image

Bhopal New Collector : IAS प्रियंक मिश्रा ने भोपाल कलेक्टर का संभाला पदभार

Bhopal New Collector : भोपाल में नए कलेक्टर ने संभाली जिम्मेदारी Bhopal

Bhopal New Collector : IAS प्रियंक मिश्रा ने भोपाल कलेक्टर का संभाला पदभार

Bhopal New Collector : भोपाल में नए कलेक्टर ने संभाली जिम्मेदारी Bhopal

Chhattisgarh : सक्ति में वेदांता पावर प्लांट का बॉयलर फटा, भीषण हादसे में 10 की मौत और 40 घायल

Chhattisgarh छत्तीसगढ़ के सक्ति जिले के सिंघीतराई स्थित वेदांता पावर प्लांट में

EPS-95 पेंशनर्स का भोपाल में प्रदर्शन आज, पेंशन बढ़ोतरी की मांग को लेकर सौंपेंगे ज्ञापन

EPS-95 पेंशनर्स राष्ट्रीय संघर्ष समिति, मध्य प्रदेश के नेतृत्व में 15 अप्रैल

Road Accident: नवापारा में ट्रक-हाइवा की भीषण टक्कर, 3 लोगों की दर्दनाक मौत

Road Accident: रायपुर जिले के नवापारा क्षेत्र में मंगलवार देर रात एक

Homeopathy चिकित्सकों को बड़ी राहत, नए फैसले से खत्म हुआ प्रशासनिक बोझ

Homeopathy: होम्योपैथी चिकित्सकों को राहत देने वाले इस अहम निर्णय का देशभर

एमपी में PACS Membership महाभियान 14 अप्रैल से शुरू, 10 लाख किसानों को जोड़ने का लक्ष्य

PACS Membership: मध्य प्रदेश में सहकारिता विभाग द्वारा बड़ा अभियान शुरू किया