Isa Ahmad
REPORT- KHANNA SAINI
मथुरा–वृंदावन के प्रसिद्ध कथावाचक अनिरुद्धाचार्य महिलाओं पर की गई कथित टिप्पणी को लेकर कानूनी संकट में घिर गए हैं। उनके खिलाफ अपमानजनक बयान देने के मामले में केस दर्ज करने के आदेश जारी किए गए हैं, जिसके बाद यह मामला व्यापक चर्चा का विषय बन गया है।
अनिरुद्धाचार्य के एक कथन- “लड़कियाँ चार जगह मुँह मारकर आती हैं” -को महिलाओं का अपमान बताते हुए सामाजिक संगठनों और संत समाज में कड़ा विरोध जताया गया। इसी के आधार पर मामले को न्यायालय में उठाया गया है, जहाँ 1 जनवरी से इस मामले की सुनवाई शुरू होगी।
श्रीकृष्ण जन्मभूमि मामले के मुख्य याचिकाकर्ता दिनेश फलाहारी महाराज ने इस कार्रवाई का स्वागत करते हुए कहा कि अदालत के इस कदम से भविष्य में कोई भी व्यक्ति महिलाओं के प्रति अपमानजनक टिप्पणी करने से पहले सौ बार सोचेगा। उन्होंने कहा कि व्यास पीठ को भगवान विष्णु का स्वरूप माना जाता है, इसलिए इस पवित्र आसन पर बैठने वाले किसी भी कथावाचक या आचार्य को अपनी वाणी पर संयम रखना चाहिए।
महाराज ने कहा कि वे न्यायालय के फैसले का सम्मान करते हैं और उम्मीद करते हैं कि महिलाओं की गरिमा की रक्षा के लिए आगे भी ऐसे मामलों में सख्त कदम उठाए जाएंगे।





