by: vijay yadav
Sunny Deol Ikka Review : मुम्बई, अगर आपको कोर्टरूम ड्रामा, सस्पेंस और लगातार चौंकाने वाले ट्विस्ट पसंद हैं, तो ‘इक्का’ आपकी वीकेंड वॉचलिस्ट में शामिल हो सकती है। निर्देशक सिद्धार्थ पी. मल्होत्रा ने एक ऐसी कहानी पेश की है, जिसमें हीरो और विलेन की रेखा आखिरी पल तक धुंधली बनी रहती है।
Sunny Deol Ikka Review : कहानी, फिल्म की कहानी मशहूर डिफेंस लॉयर अर्जुन मेहरा (सनी देओल) और उद्योगपति के बेटे शौर्यमन गौर (अक्षय खन्ना) के इर्द-गिर्द घूमती है। शौर्यमन पर एक महिला की हत्या की कोशिश का आरोप है। अर्जुन अपनी ईमानदार छवि और सिद्धांतों के लिए जाना जाता है, इसलिए शुरुआत में वह यह केस लेने से इनकार कर देता है।

लेकिन परिवार पर आए एक बड़े संकट के कारण उसे मजबूरी में उसी शख्स का बचाव करना पड़ता है, जिससे उसकी पुरानी दुश्मनी भी रही है। यहीं से शुरू होती है कानून, नैतिकता और रिश्तों की जटिल लड़ाई।
Sunny Deol Ikka Review : अभिनय, अक्षय खन्ना एक बार फिर अपने किरदार में पूरी तरह डूबे नजर आते हैं। उनका शांत लेकिन खतरनाक अंदाज फिल्म की सबसे बड़ी ताकत बनकर उभरता है। जैसे-जैसे कहानी आगे बढ़ती है, उनका किरदार और रहस्यमय होता जाता है।

वहीं सनी देओल ने एक ऐसे पिता और वकील की भूमिका निभाई है, जो अपने कर्तव्य और परिवार के बीच फंसा हुआ है। कोर्टरूम के बाहर उनका भावनात्मक पक्ष और भीतर उनकी कानूनी रणनीति दोनों प्रभाव छोड़ते हैं।
Sunny Deol Ikka Review : सहायक कलाकारों का योगदान
दिया मिर्जा अर्जुन की पत्नी के किरदार में कहानी को भावनात्मक गहराई देती हैं। उनका अतीत शौर्यमन से जुड़ा है, जो कहानी में कई महत्वपूर्ण मोड़ लाता है।
तिलोत्तमा शोम सरकारी वकील के रूप में शानदार प्रदर्शन करती हैं। उनका आत्मविश्वास और कोर्टरूम में मौजूदगी फिल्म को मजबूती देती है। वहीं संजीदा शेख सीमित स्क्रीन टाइम के बावजूद अपनी भूमिका में असर छोड़ती हैं।
Sunny Deol Ikka Review : निर्देशन और पटकथा
सिद्धार्थ पी. मल्होत्रा ने कहानी को इस तरह बुना है कि दर्शक लगातार अनुमान लगाते रहते हैं कि आखिर सच किसके साथ है। फिल्म में कई ट्विस्ट हैं, लेकिन वे जबरदस्ती जोड़े गए नहीं लगते। हालांकि कुछ हिस्सों में गति थोड़ी धीमी महसूस होती है, लेकिन क्लाइमैक्स इसकी भरपाई कर देता है।
Sunny Deol Ikka Review : क्या है फिल्म की खासियत?
फिल्म की सबसे बड़ी ताकत इसका कोर्टरूम ड्रामा, मजबूत अभिनय और अप्रत्याशित क्लाइमैक्स है। कहानी सिर्फ कानूनी लड़ाई नहीं दिखाती, बल्कि नैतिकता, बदले और रिश्तों के बीच होने वाले संघर्ष को भी सामने लाती है।
Sunny Deol Ikka Review : देखें या नहीं?
अगर आप सस्पेंस, कोर्टरूम ड्रामा और दमदार अभिनय वाली फिल्में पसंद करते हैं, तो ‘इक्का’ आपको निराश नहीं करेगी। अक्षय खन्ना और सनी देओल की टक्कर फिल्म को आखिर तक रोचक बनाए रखती है। कुछ धीमे हिस्सों के बावजूद इसका क्लाइमैक्स पूरी फिल्म को यादगार बना देता है।

