BY: Yoganand Shrivastava
प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने 100 करोड़ रुपये से अधिक के साइबर फ्रॉड के मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों ने सुप्रीम कोर्ट और ईडी के नाम से फर्जी नोटिस भेजकर लोगों को ठगी का शिकार बनाया।
ED ने प्रवर्तन अधिनियम, 2002 (PMLA) के तहत मकबुल अब्दुल रहमान डॉक्टर, काशिफ मकबुल डॉक्टर, महेश मफतलाल देसाई और ओम राजेंद्र पंड्या को गिरफ्तार किया। आरोपियों ने डिजिटल अरेस्ट और फॉरेक्स ट्रेडिंग के माध्यम से फर्जी नोटिस भेजकर आम जनता और निवेशकों को ठगने का काम किया।
जांच में पता चला कि आरोपी अपराध की रकम को क्रिप्टोकरेंसी (USDT) में बदलकर हवाला रूट के जरिए शुद्ध कर रहे थे। इसके लिए उन्होंने फर्जी नाम के बैंक खाते और प्री-एक्टिवेटेड सिम का उपयोग किया। अहमदाबाद की विशेष पीएमएलए अदालत ने चारों आरोपियों को पांच दिन की ईडी कस्टडी में भेज दिया है। इस कार्रवाई से साइबर फ्रॉड पर शिकंजा कसने और डिजिटल ठगी रोकने की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है।





