Report: Neha gupta
Bhojpur भोजपुर के गड़हनी थाना क्षेत्र के नहसी गांव में एक सप्ताह पहले हुई आगजनी की घटना ने अब गंभीर मोड़ ले लिया है। पटना के एक निजी अस्पताल में जिंदगी और मौत की जंग लड़ रही 45 वर्षीया माया देवी की रविवार को मौत हो गई। मृतका की बेटी ने पड़ोसियों पर जानबूझकर आग लगाकर हत्या करने का सनसनीखेज आरोप लगाया है, जिसके बाद इलाके में तनाव व्याप्त है।

Bhojpur खिड़की से पेट्रोल छिड़ककर लगाई गई आग
मृतका की बेटी संध्या कुमारी ने बताया कि वारदात 11 अप्रैल की रात की है। जब उसके माता-पिता (बसंत कुमार राम और माया देवी) कमरे में सो रहे थे, तभी घात लगाए आरोपियों ने खिड़की के रास्ते पेट्रोल छिड़ककर कमरे में आग लगा दी। आग की लपटों ने माया देवी को पूरी तरह अपनी चपेट में ले लिया। जब उनके पति उन्हें बचाने और दरवाजा खोलने दौड़े, तो वे भी इस हादसे में झुलस गए।

Bhojpur केस लड़ने और गवाही देने पर दी गई थी धमकी
परिजनों के अनुसार, यह पूरी घटना डेढ़ साल पुराने एक विवाद का नतीजा है। संध्या ने बताया कि 8 अप्रैल को आरा कोर्ट में एक पुराने मामले की सुनवाई थी। कोर्ट परिसर में ही आरोपी पक्ष ने धमकी दी थी कि “तुम लोग केस लड़ने वाले बने हो, हम तुम्हें जिंदा जलाकर मार देंगे।” आरोप है कि इस धमकी के महज तीन दिन बाद ही इस खौफनाक वारदात को अंजाम दिया गया।
Bhojpur अपहरण की कोशिश और पुराना विवाद
पीड़ित परिवार का दावा है कि आरोपियों ने कुछ समय पहले संध्या और उसकी बहन के अपहरण की कोशिश भी की थी, जिसे लेकर पहले से प्राथमिकी दर्ज है। लगातार मिल रही धमकियों के बावजूद सुरक्षा न मिलने के कारण अपराधी बेखौफ थे और उन्होंने अंततः इस वारदात को अंजाम दे दिया।
Bhojpur पुलिस की जांच और आगे की कार्रवाई
महिला की मौत के बाद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच में जुट गई है। मृतका के पति का बयान और बेटी के आरोपों को आधार बनाकर पुलिस अब नामजद आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी कर रही है। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंपा जाएगा।
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