UP News: बैन होने के बाद भी कैसी हो रही चाइनीज लहसुन की बिक्री, हाई कोर्ट ने पूछा सवाल

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उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में बैन चाइनीज लहसुन की बिक्री का मामला हाईकोर्ट पहुंच गया है। हाईकोर्ट की लखनऊ बेंच ने इस पर कड़ी नाराजगी जताते हुए खाद्य सुरक्षा आयुक्त और लखनऊ के डीएम को तत्काल जांच के आदेश दिए हैं। कोर्ट ने सवाल उठाया कि जब 2014 से चाइनीज लहसुन पर प्रतिबंध लगा है तो यह कैसे खुलेआम बाजारों में बिक रहा है?

चाइनीज लहसुन लेकर कोर्ट पहुंचा याचिकाकर्ता

चाइनीज लहसुन की खुलेआम बिक्री के मामले की सुनवाई के दौरान, याचिकाकर्ता मोतीलाल यादव ने अदालत को चाइनीज लहसुन से जुड़े खतरे और उसकी बिक्री के बारे में विस्तार से जानकारी दी। साथ ही याचिकाकर्ता यादव ने बाजार से खरीदा हुआ चाइनीज लहसुन कोर्ट में पेश किया, जिसे देखकर जज भी हैरान रह गए। अदालत ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तुरंत खाद्य सुरक्षा आयुक्त और लखनऊ के जिलाधिकारी को जांच के आदेश दिए।

हाईकोर्ट ने कहा, 2014 से चाइनीज लहसुन पर प्रतिबंध है, फिर भी यह बाजार में बिक रहा है। प्रशासन इसे रोकने के लिए क्या कदम उठा रहा है? कोर्ट ने यह भी सवाल किया कि खाद्य सुरक्षा विभाग और STF (स्पेशल टास्क फोर्स) ने अब तक क्या कार्रवाई की है?

अगली सुनवाई 1 अक्टूबर को

हाईकोर्ट की लखनऊ बेंच इस मामले में 1 अक्टूबर 2024 को फिर से सुनवाई करेगी, जिसमें खाद्य सुरक्षा आयुक्त और डीएम लखनऊ को अपनी जांच रिपोर्ट पेश करने के लिए कहा गया है। कोर्ट ने यह स्पष्ट किया है कि अगर जांच में किसी भी प्रकार की लापरवाही या गैर-जिम्मेदाराना रवैया सामने आया, तो कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

FSDA और STF की कार्रवाई शुरू

हाईकोर्ट के आदेश के बाद खाद्य सुरक्षा विभाग और STF की संयुक्त टीम ने लखनऊ की मंडियों में छापेमारी शुरू कर दी है। टीमों ने कई बाजारों में जाकर चाइनीज लहसुन की बिक्री की जांच की और कुछ दुकानों से नमूने भी एकत्रित किए। STF ने चाइनीज लहसुन के व्यापार से जुड़े तस्करों का भी पता लगाने के लिए कार्रवाई शुरू की है। नेपाल से लाकर इसे यूपी के विभिन्न जिलों में वितरित किया जा रहा है, जिसमें कुछ बड़ी मंडियों का भी नाम सामने आया है।

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