नई दिल्ली: रक्षा अनुसंधान और विकास संगठन (DRDO) 2025 में विभिन्न प्रयोगशालाओं और परियोजनाओं के लिए इंटर्नशिप कार्यक्रम प्रदान करेगा। इस इंटर्नशिप में शामिल होने के लिए अंडरग्रेजुएट और पोस्टग्रेजुएट छात्र आवेदन कर सकते हैं। इच्छुक उम्मीदवार अपनी शैक्षिक पृष्ठभूमि और रुचियों के अनुसार DRDO की किसी प्रयोगशाला या प्रतिष्ठान को चुन सकते हैं। आवेदन प्रक्रिया कॉलेज या विश्वविद्यालय के माध्यम से की जाएगी, और उम्मीदवार का चयन उपलब्ध स्लॉट्स और संबंधित लैब डायरेक्टर की स्वीकृति पर निर्भर करेगा।
पात्रता मानदंड:
- शैक्षिक योग्यता: उम्मीदवारों के पास अंडरग्रेजुएट या पोस्टग्रेजुएट इंजीनियरिंग डिग्री होनी चाहिए, साथ ही सामान्य विज्ञान में डिग्री रखने वाले भी आवेदन कर सकते हैं।
- आयु सीमा: उम्मीदवारों की आयु 19 से 28 वर्ष के बीच होनी चाहिए।
- आवेदन प्रक्रिया: आवेदन कॉलेज या विश्वविद्यालय के माध्यम से संबंधित DRDO प्रयोगशाला या प्रतिष्ठान में भेजे जाएंगे।
इंटर्नशिप के प्रमुख विवरण:
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| पात्रता | अंडरग्रेजुएट और पोस्टग्रेजुएट छात्र (इंजीनियरिंग और सामान्य विज्ञान) |
| आयु सीमा | 19 से 28 वर्ष के बीच |
| अवधि | 4 सप्ताह से 6 महीने तक (लैब डायरेक्टर की स्वीकृति पर निर्भर) |
| वेतन | 8,000 से 15,000 रुपये प्रति माह |
| आवेदन की प्रक्रिया | कॉलेज/विश्वविद्यालय के माध्यम से आवेदन |
| चयन प्रक्रिया | उपलब्ध स्लॉट्स और लैब डायरेक्टर की स्वीकृति पर निर्भर |
DRDO इंटर्नशिप के मुख्य आकर्षण:
- अनुसंधान में योगदान: इंटर्न को DRDO के अनुसंधान क्षेत्रों से संबंधित वास्तविक समय परियोजनाओं पर काम करने का अवसर मिलेगा।
- लैब डायरेक्टर की स्वीकृति: चयन लैब डायरेक्टर की स्वीकृति पर निर्भर करेगा, और यह उपलब्धता के आधार पर होगा।
- प्रशिक्षण अवधि: प्रशिक्षण की अवधि आमतौर पर 4 सप्ताह से 6 महीने तक होती है, जो विशेष कोर्स पर निर्भर करती है।
- सुरक्षा: इंटर्न को केवल DRDO प्रयोगशालाओं/स्थापनों के असंवेदनशील क्षेत्रों तक पहुंच प्रदान की जाएगी।
- नौकरी की गारंटी नहीं: इंटर्नशिप पूरी होने के बाद नौकरी की कोई गारंटी नहीं होती।
महत्वपूर्ण नोट्स:
- DRDO द्वारा रोजगार की गारंटी नहीं: इंटर्नशिप पूरी होने के बाद DRDO नौकरी प्रदान करने के लिए बाध्य नहीं है।
- व्यक्तिगत चोट के लिए जिम्मेदारी नहीं: DRDO किसी भी व्यक्तिगत चोट के लिए जिम्मेदार नहीं होगा जो इंटर्नशिप के दौरान हो सकती है।
DRDO का मुख्य उद्देश्य भारतीय सशस्त्र बलों को उन्नत रक्षा प्रौद्योगिकियों से लैस करना है, और इसके तहत यह कई प्रकार के अनुसंधान और विकास कार्य करता है। DRDO की प्रयोगशालाएं देशभर में फैली हुई हैं, और इनका मुख्य उद्देश्य भारत को रक्षा प्रणाली में आत्मनिर्भर बनाना है।
आवेदन प्रक्रिया में ध्यान रखने योग्य बातें:
- आवेदन कॉलेज/विश्वविद्यालय के माध्यम से होगा, इसके लिए छात्रों को अपनी शैक्षिक संस्था से आवेदन करना होगा।
- इंटर्नशिप के लिए चयन प्रक्रिया उपलब्ध स्थानों और लैब डायरेक्टर की स्वीकृति पर निर्भर करेगी।
अगर आप इस अवसर का लाभ उठाना चाहते हैं तो अपनी योग्यताओं को ध्यान में रखते हुए जल्द ही आवेदन करें।





