BY: Yoganand Shrivastva
Police Drone Saves Child: अमेरिका के मिनेसोटा स्थित सेंट पॉल में एक पांच साल का बच्चा तालाब में डूब रहा था। पानी उसके सिर के ऊपर तक पहुंच चुका था और उसके बचने की उम्मीद बेहद कम नजर आ रही थी। इसी दौरान पुलिस के पहुंचने से करीब दो मिनट पहले एक ड्रोन मौके पर पहुंच गया। ड्रोन के जरिए बच्चे की सटीक लोकेशन और उसकी हालत की जानकारी पुलिस टीम तक पहुंचाई गई, जिसके बाद एक अधिकारी ने तालाब में उतरकर बच्चे को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
Police Drone Saves Child घटना सोमवार दोपहर करीब डेढ़ बजे ईस्ट साइड बॉयज एंड गर्ल्स क्लब के पीछे बने तालाब की है। किसी व्यक्ति ने बच्चे को पानी में संघर्ष करते देखा और तुरंत आपातकालीन नंबर 911 पर सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस टीम हरकत में आई और साथ ही सेंट पॉल पुलिस ने अपना ड्रोन भी हवा में भेज दिया।
पुलिस से दो मिनट पहले घटनास्थल पर पहुंचा ड्रोन
Police Drone Saves Child पुलिस का ड्रोन पेट्रोलिंग टीम से करीब दो मिनट पहले तालाब तक पहुंच गया। इसे घटनास्थल से लगभग तीन मील यानी करीब पांच किलोमीटर दूर बैठे सार्जेंट मैट सेंट सॉवर संचालित कर रहे थे। ड्रोन के कैमरे से उन्होंने बच्चे की स्थिति और उसकी सटीक लोकेशन देखी और यह जानकारी तत्काल जमीन पर मौजूद पुलिस टीम तक पहुंचाई।
पुलिस अधिकारी अदिसाक से मा जब मौके पर पहुंचे तो उन्होंने देखा कि बच्चा बुरी तरह घबराया हुआ था और उसका सिर पानी में डूबने लगा था। उन्होंने बिना समय गंवाए तालाब में छलांग लगाई और बच्चे को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
इसके बाद बच्चे को जांच के लिए चिल्ड्रन्स हॉस्पिटल ले जाया गया। डॉक्टरों ने जांच के बाद बताया कि उसे कोई अंदरूनी चोट नहीं आई है और वह सुरक्षित है। परिजनों के अनुसार बच्चा ऑटिज्म से जूझ रहा है और बिना किसी को बताए घर से निकलकर तालाब तक पहुंच गया था।
ड्रोन को बताया जिंदगी बचाने वाली ‘तीसरी आंख’
Police Drone Saves Child इस रेस्क्यू ऑपरेशन में ड्रोन की भूमिका को बेहद अहम माना गया। ड्रोन पायलट सार्जेंट सॉवर के मुताबिक, अगर वह ड्रोन समय पर वहां नहीं पहुंचता तो बच्चे की स्थिति का पता लगाना और भी मुश्किल हो सकता था। उनका मानना है कि दूर बैठकर भी साथी पुलिस अधिकारियों को सही जानकारी देकर किसी नागरिक की जान बचाना पुलिस सेवा की बड़ी उपलब्धि है।
मौके पर पहुंचे अधिकारी अदिसाक ने भी कहा कि आमतौर पर इस तरह की सूचना मिलने के बाद पुलिस के पहुंचने तक काफी देर हो जाती है, लेकिन इस मामले में टीम सही समय पर पहुंच गई और बच्चे को बचाया जा सका।
जान बचाने के दो दिन बाद ड्रोन पर ही लगा ब्रेक
Police Drone Saves Child इस घटना ने जहां पुलिस ड्रोन की उपयोगिता को सामने रखा, वहीं इसके ठीक दो दिन बाद इससे जुड़ा एक बड़ा फैसला सामने आया। रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद सेंट पॉल सिटी काउंसिल ने पुलिस विभाग में और अधिक ड्रोन शामिल करने के प्रस्ताव को मंजूरी देने से इनकार कर दिया।
काउंसिल के इस फैसले के पीछे स्थानीय नागरिकों की निजता से जुड़ी चिंताओं को प्रमुख कारण बताया गया। यानी जिस तकनीक ने कुछ ही दिन पहले एक पांच साल के बच्चे की जान बचाने में अहम भूमिका निभाई, उसी तकनीक के विस्तार पर प्राइवेसी के सवालों के चलते रोक लगा दी गई।
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