Aaj Ka Panchang: 23 जुलाई 2026, गुरुवार का दिन धार्मिक और ज्योतिषीय दृष्टि से विशेष माना जा रहा है। इस दिन आषाढ़ शुक्ल पक्ष की नवमी तिथि के साथ गुप्त नवरात्रि का भी विशेष महत्व है। यदि आप नया व्यवसाय शुरू करने, गृह प्रवेश, वाहन खरीदने, निवेश करने, यात्रा करने या किसी शुभ कार्य की योजना बना रहे हैं, तो शुभ मुहूर्त और राहुकाल की जानकारी पहले से जान लेना लाभदायक माना जाता है। आइए जानते हैं 23 जुलाई 2026 का पंचांग, शुभ मुहूर्त, राहुकाल और देश के प्रमुख शहरों में इनका समय।
आज का शुभ मुहूर्त और राहुकाल
समय का सही चुनाव किसी भी कार्य की सफलता में महत्वपूर्ण माना जाता है। शुभ मुहूर्त में शुरू किए गए कार्यों को सकारात्मक परिणाम देने वाला माना जाता है, जबकि राहुकाल के दौरान नए कार्यों की शुरुआत से बचने की सलाह दी जाती है।
- अभिजीत मुहूर्त: दोपहर 12:00 बजे से 12:55 बजे तक
- राहुकाल: दोपहर 02:09 बजे से शाम 03:52 बजे तक
- ब्रह्म मुहूर्त: सुबह 04:15 बजे से 04:57 बजे तक
Aaj Ka Panchang: 23 जुलाई 2026 का पंचांग
- दिन: गुरुवार
- तिथि: आषाढ़ शुक्ल पक्ष नवमी (इसके बाद दशमी तिथि)
- वार: गुरुवार
- सूर्योदय: सुबह 05:37 बजे
- सूर्यास्त: शाम 07:17 बजे
- चंद्रोदय: दोपहर 02:22 बजे
- चंद्रास्त: रात्रि 12:49 बजे
भारत के 50 प्रमुख शहरों में शुभ मुहूर्त और राहुकाल
देश के अलग-अलग शहरों में सूर्योदय और सूर्यास्त के समय में अंतर होने के कारण शुभ मुहूर्त और राहुकाल के समय में भी कुछ मिनटों का अंतर रहता है। नीचे प्रमुख शहरों के समय दिए गए हैं।
| शहर | शुभ मुहूर्त | राहुकाल |
|---|---|---|
| नई दिल्ली | 12:00–12:55 | 02:09–03:52 |
| मुंबई | 12:15–01:08 | 02:22–04:01 |
| बेंगलुरु | 12:01–12:53 | 02:05–03:41 |
| कोलकाता | 11:15–12:08 | 01:23–03:02 |
| चेन्नई | 11:51–12:43 | 01:54–03:30 |
| हैदराबाद | 11:57–12:49 | 02:02–03:39 |
| अहमदाबाद | 12:18–01:11 | 02:27–04:06 |
| पुणे | 12:12–01:05 | 02:19–03:57 |
| जयपुर | 12:05–01:00 | 02:16–03:58 |
| लखनऊ | 11:46–12:39 | 01:55–03:37 |
| सूरत | 12:16–01:09 | 02:24–04:03 |
| कानपुर | 11:48–12:41 | 01:57–03:39 |
| नागपुर | 11:56–12:49 | 02:03–03:42 |
| विशाखापत्तनम | 11:41–12:33 | 01:45–03:22 |
| इंदौर | 12:08–01:01 | 02:16–03:55 |
| ठाणे | 12:15–01:08 | 02:22–04:01 |
| भोपाल | 12:02–12:55 | 02:09–03:49 |
| पिंपरी-चिंचवड़ | 12:12–01:05 | 02:19–03:57 |
| पटना | 11:30–12:23 | 01:39–03:20 |
| वडोदरा | 12:16–01:09 | 02:25–04:04 |
| गाजियाबाद | 11:59–12:54 | 02:09–03:52 |
| लुधियाना | 12:06–01:00 | 02:16–03:59 |
| आगरा | 11:57–12:50 | 02:06–03:49 |
| नासिक | 12:13–01:06 | 02:21–04:00 |
| फरीदाबाद | 12:00–12:54 | 02:09–03:52 |
| मेरठ | 11:59–12:53 | 02:08–03:51 |
| राजकोट | 12:25–01:18 | 02:34–04:13 |
| वाराणसी | 11:40–12:33 | 01:48–03:30 |
| श्रीनगर | 12:10–01:06 | 02:22–04:08 |
| छत्रपति संभाजीनगर | 12:09–01:02 | 02:16–03:55 |
| धनबाद | 11:23–12:16 | 01:31–03:12 |
| अमृतसर | 12:10–01:04 | 02:20–04:04 |
| नवी मुंबई | 12:15–01:08 | 02:22–04:01 |
| प्रयागराज | 11:44–12:37 | 01:52–03:34 |
| रांची | 11:27–12:20 | 01:35–03:16 |
| हावड़ा | 11:15–12:08 | 01:23–03:02 |
| कोयंबटूर | 12:02–12:54 | 02:05–03:41 |
| जबलपुर | 11:55–12:48 | 02:02–03:42 |
| ग्वालियर | 11:58–12:51 | 02:07–03:49 |
| विजयवाड़ा | 11:48–12:41 | 01:53–03:31 |
| जोधपुर | 12:16–01:10 | 02:28–04:10 |
| मदुरै | 11:57–12:49 | 02:00–03:35 |
| रायपुर | 11:45–12:38 | 01:52–03:32 |
| कोटा | 12:08–01:01 | 02:19–04:00 |
| गुवाहाटी | 10:55–11:48 | 01:03–02:44 |
| चंडीगढ़ | 12:02–12:56 | 02:12–03:55 |
| सोलापुर | 12:06–12:58 | 02:12–03:50 |
| हुबली-धारवाड़ | 12:08–01:00 | 02:11–03:47 |
| बरेली | 11:53–12:47 | 02:03–03:45 |
| देहरादून | 11:58–12:52 | 02:08–03:51 |
राहुकाल में क्या नहीं करना चाहिए?
ज्योतिष शास्त्र में राहुकाल को नए और शुभ कार्यों की शुरुआत के लिए अनुकूल नहीं माना जाता।
इस दौरान नया व्यवसाय शुरू करना, संपत्ति या वाहन खरीदना, महत्वपूर्ण निवेश करना, किसी बड़े अनुबंध पर हस्ताक्षर करना या शुभ यात्रा आरंभ करने से बचने की सलाह दी जाती है।
यदि किसी कारणवश इसी समय यात्रा या आवश्यक कार्य करना पड़े तो भगवान विष्णु या अपने इष्ट देव का स्मरण कर तथा मीठा खाकर घर से निकलना शुभ माना जाता है।
Aaj Ka Panchang: अभिजीत मुहूर्त का क्या महत्व है?
अभिजीत मुहूर्त को दिन का सबसे शुभ समय माना जाता है। यह समय विशेष रूप से उन लोगों के लिए लाभकारी माना जाता है जिन्हें किसी कारणवश अन्य शुभ मुहूर्त नहीं मिल पाता।
इस दौरान नया व्यापार शुरू करना, गृह प्रवेश, वाहन खरीदना, निवेश करना, महत्वपूर्ण दस्तावेजों पर हस्ताक्षर करना या किसी नए कार्य की शुरुआत करना शुभ माना जाता है।
आज का धार्मिक महत्व
23 जुलाई 2026 को आषाढ़ शुक्ल पक्ष की नवमी तिथि और गुप्त नवरात्रि का विशेष संयोग है। गुरुवार का दिन भगवान विष्णु और देवगुरु बृहस्पति को समर्पित माना जाता है।
मान्यता है कि इस दिन भगवान विष्णु की पूजा, पीपल के वृक्ष की सेवा, पीले वस्त्र धारण करना तथा चने की दाल, हल्दी या पीले खाद्य पदार्थों का दान करने से सुख-समृद्धि, ज्ञान और सौभाग्य में वृद्धि होती है। साथ ही परिवार में सकारात्मक ऊर्जा और आर्थिक उन्नति के योग भी मजबूत होते हैं।





