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Yasin Malik की रिहाई के लिए पत्नी मुशाल की अपील, अमेरिका-चीन और OIC से लगाई गुहार; तिहाड़ जेल में तबीयत खराब होने का दावा

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Yasin Malik: आतंकवाद से जुड़े मामलों में उम्रकैद की सजा काट रहे कश्मीरी अलगाववादी यासीन मलिक को लेकर उसकी पत्नी मुशाल हुसैन मलिक ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपील की है। एक वीडियो संदेश में मुशाल ने दावा किया कि तिहाड़ जेल में बंद यासीन मलिक की तबीयत काफी खराब है और उसकी जान को खतरा है। उसने स्वास्थ्य के आधार पर यासीन को जेल से रिहा कर अस्पताल में भर्ती कराने की मांग की है।

मुशाल ने अपनी अपील में अमेरिका, चीन और इस्लामिक देशों के संगठन ओआईसी के अलावा पाकिस्तान के सेना प्रमुख फील्ड मार्शल असीम मुनीर का भी जिक्र किया। उसने इनसे यासीन मलिक की रिहाई के लिए हस्तक्षेप करने और उसकी जान बचाने के लिए कदम उठाने की अपील की।

Yasin Malik: मुशाल ने यासीन के आंदोलन को बताया शांतिपूर्ण

अपने वीडियो संदेश में मुशाल ने यासीन मलिक के पुराने अलगाववादी रुख का बचाव करते हुए कहा कि जब उसने सशस्त्र संघर्ष का रास्ता छोड़कर राजनीतिक लड़ाई का रास्ता अपनाया, तब दुनिया से यह उम्मीद थी कि कश्मीर से जुड़े राजनीतिक मुद्दों पर उसकी आवाज सुनी जाएगी।

मुशाल ने दावा किया कि यासीन मलिक इसी शांतिपूर्ण राजनीतिक आंदोलन के कारण जेल में है और उसकी सेहत लगातार खराब होती जा रही है। हालांकि, यासीन मलिक को लेकर भारत की कानूनी कार्रवाई आतंकवाद और टेरर फंडिंग से जुड़े मामलों में हुई है और उसे अदालत से दोषी ठहराए जाने के बाद सजा मिली है।

Yasin Malik: अमेरिका, चीन और OIC से हस्तक्षेप की अपील

मुशाल हुसैन मलिक ने कहा कि वह अंतरराष्ट्रीय समुदाय से अपने पति के मामले में हस्तक्षेप करने की अपील कर रही है। उसने विशेष रूप से अमेरिका, चीन और ओआईसी का नाम लेते हुए कहा कि यासीन की जान बचाने के लिए कदम उठाए जाने चाहिए।

मुशाल ने यासीन मलिक को स्वास्थ्य संबंधी आधार पर जेल से बाहर निकालकर अस्पताल में स्थानांतरित करने की मांग भी की। उसके बयान में पाकिस्तान के सेना प्रमुख असीम मुनीर का भी उल्लेख किया गया। मुशाल की यह अपील ऐसे समय सामने आई है, जब यासीन मलिक का मामला एक बार फिर चर्चा में है।

Yasin Malik: यासीन मलिक ने पत्नी से तलाक की इच्छा जताई

मुशाल का यह बयान उस घटनाक्रम के बीच आया है, जब तिहाड़ जेल में बंद यासीन मलिक ने अपनी पत्नी से तलाक लेने की इच्छा जताई है। रिपोर्ट के अनुसार, यासीन ने जम्मू की टाडा/पोटा अदालत में इस संबंध में हलफनामा दायर किया है।

हलफनामे में यासीन ने कथित तौर पर कहा है कि वह पिछले करीब आठ वर्षों से अपनी पत्नी और बेटी रजिया सुल्ताना से नहीं मिला है। उसने यह भी कहा कि लंबे समय से उनका फोन पर भी संपर्क नहीं हुआ है। यासीन ने अपने फैसले के पीछे परिवार से लंबे समय से दूरी और भविष्य को लेकर अपनी चिंताओं का हवाला दिया है।

Yasin Malik: पत्नी और बेटी की आजादी को लेकर कही बात

यासीन मलिक ने अदालत में दाखिल अपने हलफनामे में कथित तौर पर यह भी कहा कि वह नहीं चाहता कि उसकी पत्नी को भविष्य में विधवा के रूप में जीवन बिताना पड़े। उसने अपनी पत्नी और बेटी के लिए स्वतंत्र रूप से जीवन जीने के अधिकार की बात कही है।

इस घटनाक्रम के बाद मुशाल का यासीन की रिहाई को लेकर दिया गया बयान और भी महत्वपूर्ण हो गया है। एक ओर वह अपने पति की खराब सेहत का हवाला देकर तत्काल चिकित्सा सहायता और रिहाई की मांग कर रही है, वहीं दूसरी ओर यासीन की ओर से पत्नी से अलग होने की इच्छा सामने आई है।

Yasin Malik: टेरर फंडिंग मामले में दोषी ठहराया गया यासीन

यासीन मलिक को भारत में केवल राजनीतिक गतिविधियों के लिए जेल में नहीं रखा गया है। उसे आतंकवाद से जुड़े मामले और टेरर फंडिंग के आरोपों में दोषी ठहराया जा चुका है। राष्ट्रीय जांच एजेंसी यानी एनआईए की ओर से चलाए गए मामले में अदालत ने उसे उम्रकैद की सजा सुनाई थी।

यासीन मलिक जम्मू-कश्मीर लिबरेशन फ्रंट यानी जेकेएलएफ से जुड़ा रहा है। भारतीय सुरक्षा और जांच एजेंसियों के अनुसार, उसके खिलाफ आतंकवाद और अलगाववादी गतिविधियों से जुड़े गंभीर मामले रहे हैं। इसलिए उसकी रिहाई की मांग को भारत में उसके खिलाफ हुई न्यायिक कार्रवाई के संदर्भ में देखा जाता है।

Yasin Malik: कश्मीर मुद्दे पर पाकिस्तान के समर्थन की कोशिश

मुशाल हुसैन मलिक लंबे समय से यासीन मलिक के पक्ष में अंतरराष्ट्रीय मंचों पर आवाज उठाती रही हैं। अपने ताजा बयान में भी उन्होंने यासीन को राजनीतिक संघर्ष से जोड़ते हुए उसके खिलाफ हुई कानूनी कार्रवाई पर सवाल उठाने की कोशिश की है।

हालांकि, भारत का पक्ष यह रहा है कि कश्मीर में हिंसा और आतंकवाद से जुड़े मामलों को केवल राजनीतिक गतिविधि के तौर पर पेश नहीं किया जा सकता। यासीन मलिक को मिली सजा न्यायिक प्रक्रिया के तहत आतंकवाद और टेरर फंडिंग से संबंधित मामले में हुई है।

Yasin Malik: यासीन की सेहत को लेकर मुशाल का दावा

मुशाल ने अपने वीडियो संदेश में यासीन की सेहत को लेकर गंभीर चिंता जताई है। उसने कहा कि जेल में रहने के दौरान उसकी हालत लगातार बिगड़ रही है और उसकी जान को खतरा है। इसी आधार पर उसने अस्पताल में स्थानांतरण और रिहाई की मांग दोहराई।

फिलहाल मुशाल की ओर से लगाए गए स्वास्थ्य संबंधी दावों और अंतरराष्ट्रीय समुदाय से की गई अपील के बीच यासीन मलिक का मामला एक बार फिर राजनीतिक और कूटनीतिक चर्चा में आ गया है।

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