Sonam Wangchuk: जलवायु कार्यकर्ता और सामाजिक चिंतक सोनम वांगचुक ने दिल्ली में प्रस्तावित प्रदर्शन से पहले बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा है कि यदि प्रदर्शन से पहले उन्हें या आंदोलन से जुड़े किसी प्रमुख सदस्य को हिरासत में लिया जाता है, तो वे लंबी भूख हड़ताल शुरू करेंगे।
वांगचुक ने यह भी स्पष्ट किया कि वह लद्दाख से दिल्ली पहुंचकर जंतर-मंतर पर आयोजित कार्यक्रम में शामिल होने वाले हैं और आंदोलन को शांतिपूर्ण तरीके से आगे बढ़ाने का समर्थन करते हैं।
Sonam Wangchuk: सोशल मीडिया के जरिए समर्थकों को किया संबोधित
एक वीडियो संदेश के माध्यम से सोनम वांगचुक ने अपने समर्थकों और आंदोलन से जुड़े लोगों को संबोधित किया। उन्होंने बताया कि वह दिल्ली आने की तैयारी कर चुके हैं और जंतर-मंतर पर लोगों से मुलाकात करेंगे।
HOPE FOR THE BEST, PREPARE FOR THE WORST.
— Sonam Wangchuk (@Wangchuk66) June 5, 2026
Let’s make this the most peaceful movement in India's history.
Please be vigilant that no miscreants play mischief.
See you all in Delhi tomorrow…#CockroachJantaParty #CJP #SonamWangchuk pic.twitter.com/qJAwal2wIy
उन्होंने कहा कि यदि परिस्थितियां ऐसी बनती हैं, जहां उन्हें या आंदोलन के अन्य प्रमुख सदस्यों को गिरफ्तार किया जाता है, तो वह विरोध स्वरूप भूख हड़ताल का रास्ता अपनाने पर मजबूर होंगे।
Sonam Wangchuk: 42 दिन की अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल की चेतावनी
वांगचुक ने कहा कि ऐसी स्थिति में वह अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल शुरू करेंगे, जिसकी अवधि 42 दिनों तक हो सकती है। उन्होंने दावा किया कि वह इस चुनौती के लिए मानसिक और शारीरिक रूप से तैयार हैं।
उनके अनुसार यह कदम किसी टकराव के लिए नहीं बल्कि अपनी बात शांतिपूर्ण ढंग से रखने और लोकतांत्रिक अधिकारों के समर्थन में उठाया जाएगा।
Sonam Wangchuk: आंदोलन को शांतिपूर्ण रखने की अपील
सोनम वांगचुक ने प्रदर्शन में शामिल होने वाले लोगों से विशेष अपील करते हुए कहा कि आंदोलन को पूरी तरह शांतिपूर्ण बनाए रखना बेहद जरूरी है। उन्होंने कहा कि किसी भी प्रकार की हिंसा या अव्यवस्था आंदोलन के उद्देश्य को नुकसान पहुंचा सकती है।
उन्होंने समर्थकों से संयम बनाए रखने और केवल शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रखने का आग्रह किया।
Sonam Wangchuk: कॉकरोच जनता पार्टी के युवाओं की तारीफ
अपने संदेश में वांगचुक ने कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) से जुड़े युवाओं की भी सराहना की। उन्होंने कहा कि उनसे मिलने के बाद उन्हें लगा कि यह युवा समूह ईमानदारी, सादगी और देशहित की भावना के साथ काम करना चाहता है।
वांगचुक ने कहा कि कम समय में ही इस समूह के साथ उनका भावनात्मक जुड़ाव बढ़ा है और वे इसके सदस्यों की प्रतिबद्धता से प्रभावित हुए हैं।
Sonam Wangchuk: प्रदर्शन में शामिल होने वालों के लिए विशेष सलाह
प्रदर्शन को लेकर वांगचुक ने लोगों को कुछ महत्वपूर्ण सुझाव भी दिए। उन्होंने कहा कि जो लोग आंदोलन में शामिल हों, वे केवल जरूरी सामान लेकर आएं और किसी भी तरह की ऐसी वस्तु साथ न रखें जिससे विवाद की स्थिति पैदा हो सकती हो।
उन्होंने प्रदर्शनकारियों से जिम्मेदारी और अनुशासन के साथ भाग लेने का आग्रह किया।
Sonam Wangchuk: किसी भी उकसावे से बचने की अपील
वांगचुक ने कहा कि आंदोलन के दौरान कुछ असामाजिक तत्व माहौल बिगाड़ने की कोशिश कर सकते हैं। ऐसे में सभी लोगों को सतर्क रहने की जरूरत है।
उन्होंने समर्थकों से कहा कि यदि कोई व्यक्ति हिंसा भड़काने या संदिग्ध गतिविधि करते हुए दिखाई दे तो उसकी जानकारी तुरंत संबंधित अधिकारियों को दी जानी चाहिए।
Sonam Wangchuk: लोकतांत्रिक तरीके से आवाज उठाने पर जोर
सोनम वांगचुक ने अपने संदेश में कहा कि किसी भी लोकतांत्रिक आंदोलन की सबसे बड़ी ताकत उसकी शांति और अनुशासन होती है। उन्होंने लोगों से आग्रह किया कि वे अपनी मांगों और विचारों को पूरी गरिमा और जिम्मेदारी के साथ सामने रखें।
उनका मानना है कि शांतिपूर्ण आंदोलन समाज और सरकार तक संदेश पहुंचाने का सबसे प्रभावी माध्यम होता है।
Sonam Wangchuk: दिल्ली के प्रदर्शन पर टिकी नजरें
जंतर-मंतर पर प्रस्तावित प्रदर्शन को लेकर राजनीतिक और सामाजिक हलकों में चर्चा तेज हो गई है। आने वाले दिनों में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि आंदोलन किस दिशा में आगे बढ़ता है और इससे जुड़े घटनाक्रम किस तरह सामने आते हैं।
फिलहाल सोनम वांगचुक के बयान ने इस प्रदर्शन को राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा का विषय बना दिया है और समर्थकों के बीच भी उत्सुकता बढ़ा दी है।





