Report: Devendra Jaiswal
गंभीर टीबी मरीज को गलत तरीके से गिरफ्तार किया गया
Indore इंदौर के एमआईजी थाना में पुलिस की एक शर्मनाक घटना सामने आई है। नौ पुलिसकर्मियों ने गंभीर टीबी से पीड़ित युवक अजय सोनी को उसके घर से उठाकर ड्रग्स तस्करी के आरोपी के रूप में पेश किया। युवक की बहन राधिका के अनुसार, उसके पास कोई ठोस सबूत नहीं थे और युवक की हालत मरणासन्न थी। बावजूद इसके पुलिस ने उसे गिरफ्तार दिखाया और जेल भेज दिया, जहां उसकी बीमारी के कारण मौत हो गई।

परिजनों से अवैध वसूली की कोशिश
Indore मामले में आरोप है कि पुलिस ने मृतक अजय के परिजनों से उसे छोड़ने के लिए 40,000 रुपये की मांग की, जबकि परिजन ने 25,000 रुपये ही दिए। इसके बाद भी पुलिस ने युवक का स्कूटर लौटाया और उसे जेल भेज दिया। परिजनों का दावा है कि पुलिस की यह कार्रवाई अवैध वसूली और गंभीर लापरवाही का उदाहरण है।

कोर्ट ने दिया विभागीय जांच का आदेश
Indore मृतक की बहन राधिका ने जिला अदालत में याचिका दायर की, जिसमें सीसीटीवी फुटेज भी पेश किए गए। कोर्ट ने मामले की गंभीरता देखते हुए पुलिस कमिश्नर को निर्देश दिए कि सभी नौ संबंधित पुलिसकर्मियों की विभागीय जांच कर रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए। जांच के दौरान युवक की मृत्यु और अवैध वसूली के आरोपों की विस्तृत समीक्षा की जाएगी।
Read this: Sagar : सागर में गरीब व्यक्ति की पत्नी रास्ते में दम तोड़ गई, गरीबी और मजबूरी की करुण दास्तान





