,

Innovative Farming Technology: 200 रुपए की ‘वेंचुरी’ ने बदली खेती की तस्वीर, दिव्यांग किसान का कमाल

Innovative Farming Technology

Edit by:Priyanshi Soni

Innovative Farming Technology: जज़्बा और नवाचार की मिसाल मध्य प्रदेश के रायसेन जिले के बेगमगंज से सामने आई है। यहां पैरों से दिव्यांग किसान ने अपनी सूझबूझ से ऐसी सस्ती और कारगर तकनीक विकसित की है, जिसने महंगी कृषि मशीनों को भी पीछे छोड़ दिया है। महज 200 रुपए की लागत से तैयार की गई इस ‘वेंचुरी’ तकनीक ने खेती को आसान, सस्ता और ज्यादा प्रभावी बना दिया है।

Innovative Farming Technology: दिव्यांगता नहीं बनी बाधा, हौसले ने रचा इतिहास

बेगमगंज निवासी 40 वर्षीय किसान मुकेश भले ही पैरों से दिव्यांग हों और बिना सहारे खड़े न हो पाते हों, लेकिन उनकी सोच और मेहनत ने उन्हें अलग पहचान दिलाई है। सीमित संसाधनों और शारीरिक चुनौतियों के बावजूद मुकेश ने खेती में नवाचार का ऐसा उदाहरण पेश किया है, जो देशभर के किसानों के लिए प्रेरणा बन रहा है।

Innovative Farming Technology: सिंचाई और खाद, एक साथ पहुंचाने की अनोखी व्यवस्था

मुकेश द्वारा बनाई गई वेंचुरी तकनीक सिंचाई के साथ-साथ खाद को सीधे खेत तक पहुंचाने में सक्षम है। खास बात यह है कि यह तकनीक लो-प्रेशर इरिगेशन सिस्टम पर काम करती है। बाजार में उपलब्ध करीब 3000 रुपए की मशीनों की तुलना में यह वेंचुरी कहीं ज्यादा सस्ती, टिकाऊ और बहुउपयोगी है। जहां महंगी मशीनें अधिक दबाव की मांग करती हैं और कुछ चुनिंदा फसलों तक ही सीमित रहती हैं, वहीं मुकेश की वेंचुरी बिना अधिक दबाव के हर तरह की फसलों में इस्तेमाल की जा सकती है और लंबे समय तक लगातार चलती रहती है।

मुकेश, किसान

Innovative Farming Technology: कृषि अनुसंधान परिषद ने भी की सराहना

मुकेश के इस नवाचार को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिली है। भारतीय कृषि मंत्रालय के अधीन भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद ने उनके प्रयासों को सराहा है। देश के 731 जिलों में से चुने गए 110 नवाचारी किसानों की सूची में मुकेश को शामिल किया गया है, जो उनके काम की बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है।

Innovative Farming Technology: किसानों के लिए प्रेरणा बना नवाचार

मुकेश की यह कहानी बताती है कि अगर इरादे मजबूत हों तो सीमित संसाधन और परिस्थितियां भी रास्ता नहीं रोक सकतीं। उनकी सस्ती और प्रभावी तकनीक छोटे और मध्यम किसानों के लिए खेती की लागत घटाने और उत्पादन बढ़ाने में अहम भूमिका निभा सकती है। मुकेश कुशवाहा ने कहा, “मेरी कोशिश यही रही कि किसान भाइयों को कम खर्च में ज्यादा फायदा मिले। अगर मेरी बनाई वेंचुरी से किसी किसान की खेती आसान होती है, तो इससे बड़ी खुशी मेरे लिए कुछ नहीं।”

बेगमगंज के दिव्यांग किसान मुकेश कुशवाहा ने यह साबित कर दिया है कि नवाचार किसी डिग्री या बड़ी फैक्ट्री का मोहताज नहीं होता। 200 रुपए की वेंचुरी आज खेती की दुनिया में बदलाव की नई उम्मीद बनकर उभरी है।

यह खबर भी पढ़ेें: Madhya Pradesh Weather Update: संक्रांति बाद बदलेगा मौसम, ग्वालियर-चंबल में कड़ाके की ठंड; मावठा गिरने के आसार

Seva Sankalp Abhiyan: अंबिकापुर में बीजेपी ने जारी किया रोडमैप, 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक होंगे कई कार्यक्रम

Seva Sankalp Abhiyan: प्रधानमंत्री मोदी के जन्मदिवस से शुरू होगा अभियान अंबिकापुर

Mori Road Accident: मोरी में बड़ा सड़क हादसा, वाहन में सवार 10 लोगों में एक की मौत; 8-9 घायल

Mori Road Accident: खन्यासिणि गांव के पास हुआ सड़क हादसा उत्तराखंड के

AUS vs ZIM: ऑस्ट्रेलिया ने जिम्बाब्वे को दिया 295 रन का टारगेट, रेनशॉ का शतक

AUS vs ZIM: जिम्बाब्वे और ऑस्ट्रेलिया के बीच तीन मैचों की वनडे

CM Yogi Adityanath: बुलंदशहर पहुंचे सीएम योगी, दिवंगत विधायक अनिल शर्मा के परिजनों से मिलकर जताई संवेदना

संवाददाता: सुरेश भाटी CM Yogi Adityanath उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ

Sanjukta Parashar: CRPF में पहली महिला IG बनीं संजुक्ता पाराशर, CoBRA की कमान संभालेंगी

Sanjukta Parashar को केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल यानी CRPF में इंस्पेक्टर जनरल

Service Sankalp Campaign: 17 सितंबर से छिंदवाड़ा में गूंजेगा ‘सेवा का संकल्प’

जिला ब्यूरो चीफ राकेश Service Sankalp Campaign के तहत भारतीय जनता पार्टी

Medical Store Action : गरियाबंद में मेडिकल स्टोर पर बड़ी कार्रवाई, गैर-डिग्रीधारी के इंजेक्शन लगाने का मामला

Medical Store Action : गरियाबंद जिले के सरनाबहाल में गैर-डिग्रीधारी व्यक्ति द्वारा