BY: Yoganand Shrivastva
उज्जैन, शहर में ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन और बिना अनुमति वाहनों में हूटर लगाने वालों के खिलाफ पुलिस ने कड़ी कार्रवाई शुरू कर दी है। मंगलवार को उज्जैन के हरीफाटक चौराहे पर ट्रैफिक पुलिस ने विशेष चेकिंग अभियान चलाया, जिसमें 27 कारों की जांच की गई। इस दौरान 5 कारों में अवैध रूप से हूटर लगे मिले, जिनके खिलाफ कार्रवाई करते हुए पुलिस ने ₹15,000 का जुर्माना वसूला।
कैसे हुई कार्रवाई?
इस अभियान की अगुवाई डीएसपी विक्रम सिंह ने की। उन्होंने बताया कि शहर में लगातार ऐसी शिकायतें मिल रही थीं कि कुछ लोग बिना किसी अधिकृत पद या अनुमति के अपनी निजी गाड़ियों में हूटर लगाकर रौब झाड़ रहे हैं, जिससे यातायात और आम जनता दोनों प्रभावित हो रहे हैं।
इन शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए ट्रैफिक विभाग ने हरीफाटक चौराहे पर मंगलवार को चेकिंग अभियान चलाया, जिसमें 27 गाड़ियों को रोका गया। इनमें से 5 कारें ऐसी थीं, जिनमें अवैध हूटर लगे हुए थे — कुछ कारों के बाहर तो कुछ के भीतर।
कितना जुर्माना वसूला गया?
इन 5 गाड़ियों से प्रत्येक पर ₹3,000 का जुर्माना लगाकर कुल ₹15,000 की राशि वसूली गई। साथ ही, मौके पर ही हूटर हटवाए गए।
डीएसपी का बयान
डीएसपी विक्रम सिंह ने कहा:
“शहर में कुछ लोग बिना अनुमति वाहन में हूटर लगाकर कानून तोड़ते हैं और खुद को वीआईपी दिखाने की कोशिश करते हैं। यह न केवल अवैध है बल्कि दूसरों के लिए असुविधा और भ्रम का कारण बनता है।”
उन्होंने स्पष्ट किया कि ऐसी कार्रवाई आगे भी नियमित रूप से जारी रहेगी और कानून तोड़ने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।
क्या है नियम?
भारत में मोटर वाहन अधिनियम के तहत कोई भी व्यक्ति बिना अनुमति या पात्रता के अपने निजी वाहन में हूटर, साइरन या फ्लैश लाइट नहीं लगा सकता। यह सुविधा सिर्फ आपातकालीन सेवाओं जैसे पुलिस, एंबुलेंस, फायर ब्रिगेड आदि के लिए आरक्षित है। नियमों का उल्लंघन करने पर जुर्माना और वाहन जब्ती तक की कार्रवाई हो सकती है।





