Sanju Samson: भारत को वेस्टइंडीज के खिलाफ पांच मैचों की टी20 सीरीज के चौथे मुकाबले में 24 रन से हार का सामना करना पड़ा। इस जीत के साथ वेस्टइंडीज ने सीरीज में 2-2 से बराबरी कर ली। मुकाबले में भारतीय सलामी बल्लेबाज संजू सैमसन ने शानदार बल्लेबाजी करते हुए महज 23 गेंदों में 56 रन बनाए। उनकी तेज शुरुआत से ऐसा लग रहा था कि भारतीय टीम बड़े लक्ष्य को आसानी से हासिल कर लेगी, लेकिन उनके आउट होने के बाद मैच का रुख बदल गया।
सैमसन ने मैच के बाद बताया कि भारत की हार का सबसे अहम मोड़ 17वां ओवर था, जब तिलक वर्मा अपना विकेट गंवा बैठे। उस समय तिलक वर्मा और नीतीश कुमार रेड्डी की साझेदारी भारत को लक्ष्य के करीब ले जा रही थी। हालांकि, तिलक के आउट होने के बाद भारतीय टीम की मुश्किलें बढ़ गईं और वेस्टइंडीज ने मुकाबले पर अपनी पकड़ मजबूत कर ली।
Sanju Samson India vs West Indies 4th T20: संजू की तूफानी पारी के बावजूद भारत को मिली हार
इस मुकाबले में संजू सैमसन ने आक्रामक अंदाज में बल्लेबाजी करते हुए भारतीय टीम को तेज शुरुआत दिलाई। उन्होंने केवल 23 गेंदों का सामना कर 56 रन बनाए, जिसमें छह चौके और चार छक्के शामिल रहे। उनकी पारी ने शुरुआती ओवरों में भारतीय टीम को बड़े लक्ष्य का पीछा करने की उम्मीद दी।
सैमसन जब क्रीज पर थे, तब भारत की रन गति काफी तेज थी और टीम लक्ष्य की ओर मजबूती से बढ़ती दिखाई दे रही थी। लेकिन पांचवें ओवर में कीमो पॉल ने शिमरन हेटमायर के हाथों कैच कराकर उनकी पारी समाप्त कर दी। संजू के आउट होने के बाद वेस्टइंडीज को मुकाबले में वापसी का मौका मिला। इस मैच में सैमसन भारत की ओर से सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज रहे, लेकिन उनकी पारी टीम को जीत नहीं दिला सकी।
Sanju Samson India vs West Indies 4th T20: 17वें ओवर में तिलक वर्मा का विकेट बना निर्णायक मोड़
संजू सैमसन ने मुकाबले के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि भारतीय टीम को लगभग 250 रन का लक्ष्य हासिल करना था। ऐसे बड़े स्कोर का पीछा करने के लिए बल्लेबाजों को शुरुआत से ही तेजी से रन बनाने की जरूरत थी। उनके मुताबिक, भारतीय खिलाड़ियों ने इसी रणनीति के साथ बल्लेबाजी करने की कोशिश की।
सैमसन ने बताया कि जब तक तिलक वर्मा और नीतीश कुमार रेड्डी क्रीज पर मौजूद थे, तब तक भारत मुकाबले में बना हुआ था। दोनों बल्लेबाज दबाव के बीच अच्छी बल्लेबाजी कर रहे थे और टीम को जीत की उम्मीद दे रहे थे। उस समय भारत को हर ओवर में करीब 12 से 13 रन बनाने की जरूरत थी, लेकिन लक्ष्य हासिल करना असंभव नहीं लग रहा था।
उन्होंने कहा कि तिलक का विकेट गिरना मैच का सबसे अहम मोड़ साबित हुआ। सैमसन के अनुसार, भारतीय टीम उस समय मुकाबले को अपने पक्ष में करने के करीब थी। तिलक और रेड्डी दबाव को अच्छी तरह संभाल रहे थे और तेजी से रन बना रहे थे। लेकिन तिलक के आउट होने के बाद भारत की लक्ष्य का पीछा करने की कोशिश को बड़ा झटका लगा।
Sanju Samson India vs West Indies 4th T20: बड़े लक्ष्य के लिए शुरू से आक्रामक खेलना जरूरी था
संजू सैमसन के मुताबिक, इतने बड़े लक्ष्य का पीछा करते समय भारतीय बल्लेबाजों के सामने पहली गेंद से आक्रामक खेल दिखाने की चुनौती थी। टीम ने इसी सोच के साथ रन बनाने की कोशिश की, लेकिन बीच के ओवरों में अहम विकेट गिरने से दबाव बढ़ता चला गया।
उन्होंने माना कि तिलक वर्मा और नीतीश कुमार रेड्डी की साझेदारी के दौरान भारत की उम्मीदें बनी हुई थीं। दोनों बल्लेबाज रन गति को बनाए रखने में सफल रहे थे। हालांकि, तिलक का विकेट गिरने के बाद मुकाबले की स्थिति बदल गई और भारतीय टीम लक्ष्य से पीछे होती चली गई। आखिरकार वेस्टइंडीज ने 24 रन से मैच जीतकर सीरीज को 2-2 की बराबरी पर ला दिया।
Sanju Samson India vs West Indies 4th T20: संजू ने वेस्टइंडीज के कप्तान शाई होप की तारीफ की
मैच के बाद संजू सैमसन ने वेस्टइंडीज के कप्तान शाई होप के प्रदर्शन की भी सराहना की। उन्होंने कहा कि भारतीय टीम होप को आउट करने के लिए अलग-अलग रणनीतियों पर काम कर रही है, लेकिन उन्हें रोकने में लगातार सफलता नहीं मिल पा रही है।
सैमसन ने बताया कि टीम की बैठकों में होप को लेकर रणनीति पर चर्चा होती है। पिछले मुकाबले में भारत ने कुछ तरीके अपनाए थे, जिनसे फायदा भी मिला था। उन्होंने अर्शदीप सिंह के प्रयास का जिक्र करते हुए कहा कि गेंदबाज ने स्टंप्स के करीब से गेंदबाजी करते हुए होप को आउट करने में सफलता हासिल की थी।
भारतीय बल्लेबाज ने माना कि शाई होप इस दौरे पर शानदार क्रिकेट खेल रहे हैं और उनके प्रदर्शन का सम्मान किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि होप बेहतरीन क्रिकेटिंग शॉट्स खेल रहे हैं, जिससे उन्हें रोकना भारतीय गेंदबाजों के लिए चुनौती बना हुआ है।
Sanju Samson India vs West Indies 4th T20: सीरीज में 2-2 से बराबरी पर पहुंचीं भारत और वेस्टइंडीज
चौथे टी20 मुकाबले में जीत दर्ज करने के बाद वेस्टइंडीज ने पांच मैचों की सीरीज में भारत की बराबरी कर ली है। सीरीज अब 2-2 पर पहुंच गई है, जिससे आखिरी मुकाबले का महत्व बढ़ गया है।
भारतीय टीम के लिए इस मैच से यह साफ हुआ कि बड़े लक्ष्य का पीछा करते समय अच्छी शुरुआत को लंबी साझेदारियों में बदलना जरूरी है। संजू सैमसन की तेज पारी और तिलक वर्मा-नीतीश कुमार रेड्डी की साझेदारी के बावजूद टीम जीत तक नहीं पहुंच सकी। वहीं, शाई होप के प्रदर्शन ने एक बार फिर वेस्टइंडीज की बल्लेबाजी की ताकत को सामने रखा। अब सीरीज का फैसला अंतिम मुकाबले में होगा।


