BY: Yoganand Shrivastava
लखनऊ: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में नगर निगम के दफ्तरों की लापरवाही एक बार फिर सुर्खियों में है। गुरुवार को लखनऊ की मेयर सुषमा खर्कवाल ने अचानक नगर निगम का औचक निरीक्षण किया, जहां उन्हें ज्यादातर अधिकारी और कर्मचारी ड्यूटी के समय दफ्तर से गायब मिले। इस लापरवाही पर नाराज होकर मेयर ने नगर निगम कार्यालय के सभी गेट्स पर ताले लगवा दिए।
खाली मिला पूरा नगर निगम दफ्तर
निरीक्षण के दौरान मेयर ने हर विभाग का अटेंडेंस रजिस्टर अपने कब्जे में ले लिया।
- जन्म प्रमाण पत्र विभाग: केवल 3 कर्मचारी मौजूद मिले।
- नगर स्वास्थ्य विभाग और पशु कल्याण विभाग: दफ्तर खाली मिला।
- स्वास्थ्य अधिकारी: ऑफिस में मिले लेकिन उनसे उनके आने का समय दर्ज कराने के लिए सबूत मांगा गया।
यहां तक कि नगर निगम परिसर के पीछे स्थित कर्मचारियों के घरों में बिजली चोरी भी पकड़ी गई।
नगर आयुक्त के अलावा कोई अधिकारी नहीं मिला
निरीक्षण के दौरान मेयर को केवल नगर आयुक्त अपने दफ्तर में मिले। बाकी सभी चार अपर नगर आयुक्त और अन्य वरिष्ठ अधिकारी नदारद रहे। मेयर ने कहा कि “जनता परेशान है और यहां अधिकारी काम करने के बजाय दफ्तर से गायब हैं। यह स्थिति बर्दाश्त नहीं की जाएगी।”
उन्होंने नगर आयुक्त से अनुपस्थित अधिकारियों की पूरी सूची और उनकी मीटिंग डिटेल्स मांगी है।
मेयर का सख्त रुख: सीएम योगी को भेजेंगी रिपोर्ट
मेयर सुषमा खर्कवाल ने कहा कि सभी गायब अधिकारियों से दो दिन के भीतर स्पष्टीकरण मांगा गया है।
“अगर समय पर जवाब नहीं मिला तो मैं इस पूरे मामले की शिकायत मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से करूंगी और दोषी अधिकारियों पर कार्रवाई की जाएगी। मुख्यमंत्री लगातार जनता के लिए काम कर रहे हैं, लेकिन अधिकारी अपनी जिम्मेदारी निभाने में लापरवाह हैं।”




