रिपोर्ट- उमेश डहरिया
लेखक- ईसा अहमद
कोरबा। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) के कर्मचारियों की अनिश्चितकालीन हड़ताल गुरूवार को 11वें दिन भी जारी रही। अपनी 10 सूत्रीय मांगों को लेकर प्रदेश भर में 16,000 से अधिक कर्मचारी आंदोलनरत हैं। हड़ताल के चलते स्वास्थ्य सेवाएं बुरी तरह प्रभावित हो गई हैं, जिससे आम मरीजों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
धरना स्थल पर रक्तदान
हड़ताल के 11वें दिन कोरबा में स्वास्थ्य मिशन के कर्मचारियों ने धरना स्थल पर ही रक्तदान किया। उनका कहना है कि वे भले ही अपनी मांगों के लिए आंदोलनरत हों, लेकिन समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारी को नहीं भूल सकते। रक्तदान से जरूरतमंद मरीजों को मदद मिल सकेगी।
20 साल से सिर्फ आश्वासन
कर्मचारियों ने आरोप लगाया कि बीते 20 वर्षों से सरकार से उन्हें केवल आश्वासन ही मिल रहा है। उनकी 10 सूत्रीय मांगों में नियमितीकरण, वेतनमान और सेवा शर्तों में सुधार प्रमुख हैं, लेकिन अभी तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है।
स्वास्थ्य सेवाएं ठप
इस हड़ताल ने राज्य की स्वास्थ्य व्यवस्था को पूरी तरह प्रभावित कर दिया है। ग्रामीण क्षेत्रों से लेकर शहरी अस्पतालों तक, टीकाकरण, मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाएं और अन्य जरूरी स्वास्थ्य कार्यक्रम ठप हो गए हैं।
मरीजों को हो रही परेशानी
स्वास्थ्य सेवाएं ठप होने से मरीजों को इलाज के लिए भटकना पड़ रहा है। आपातकालीन सेवाओं और दवाओं की कमी से आम जनता की मुश्किलें और बढ़ गई हैं।





