रिपोर्ट: प्रशांत जोशी
दुर्घटना की आशंका से दहशत में वार्डवासी
कांकेर जिले के चारामा नगर पालिका क्षेत्र के वार्ड नंबर 13 के निवासी इन दिनों भारी तनाव में हैं। रेत माफियाओं द्वारा भारी हाईवा ट्रकों के माध्यम से रात्रि में वार्ड की संकरी गलियों से अवैध रूप से रेत का परिवहन किया जा रहा है, जिससे स्थानीय लोगों की जान पर खतरा मंडराने लगा है।
रविवार 25 मई की सुबह वार्डवासियों ने भारी रेत लदी ट्रकों के आवागमन का विरोध किया और कुछ ट्रकों को वार्ड के भीतर ही रोककर स्थानीय प्रशासन को सूचना दी। हालांकि अवकाश के चलते प्रशासन की ओर से इस विषय पर तत्काल कोई गंभीर प्रतिक्रिया नहीं मिली, जिससे लोगों में आक्रोश है।
वार्डवासियों का कहना है कि यह सड़क साइलेंट जोन के अंतर्गत आती है और पूर्व में इस मार्ग से भारी वाहनों के आवागमन पर प्रतिबंध भी लगाया गया था। बावजूद इसके, रेत तस्कर रात्रि के अंधेरे और सन्नाटे का लाभ उठाकर ट्रकों को वार्ड की गलियों से गुजार रहे हैं।
स्थानीय पार्षद एवं समाजसेवी उत्तम साहू ने बताया कि हाईवा ट्रकों का यह अवैध और निर्बाध परिवहन स्थानीय नागरिकों की सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा बन गया है। ओवरलोड वाहनों से सड़कों पर रेत गिरती है, जिससे धूल का गुबार उठता है और लोगों को सांस की बीमारियों का खतरा हो रहा है।
वार्डवासी व स्कूल संचालक लोकेश साहू ने भी इस स्थिति पर चिंता जताते हुए बताया कि ट्रक चालकों द्वारा आपत्ति जताने पर विवाद और बदसलूकी की जाती है। उन्होंने कहा कि रेत खदानों में काम कर रहे कई लोग बाहरी हैं, जिनकी पहचान तक स्थानीय पुलिस-प्रशासन को नहीं है, जिससे नगर का माहौल असुरक्षित होता जा रहा है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि प्रशासन को इस विषय में कई बार सूचित किया गया है, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई, जिससे रेत माफियाओं के हौसले बुलंद होते जा रहे हैं।
वार्ड नंबर 13 के नागरिकों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही प्रशासन द्वारा अवैध परिवहन पर रोक नहीं लगाई गई, तो वे उग्र आंदोलन कर सड़क पर उतरने को बाध्य होंगे।
स्थानीय निवासियों ने स्पष्ट किया कि यह मामला जनजीवन और बच्चों की सुरक्षा से जुड़ा हुआ है, और प्रशासन को अब तुरंत सख्त कार्रवाई करनी चाहिए।





