Report: Vijay gupta, Edit : Yoganand Shrivastva
Datia : ग्वालियर जिले के डबरा में स्थित नवग्रह मंदिर को लेकर एक बड़े भूमि घोटाले का आरोप सामने आया है। ‘आजाद समाज पार्टी’ के राष्ट्रीय कोर कमेटी सदस्य और दलित पिछड़ा समाज संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष दामोदर यादव ने प्रेस वार्ता कर दावा किया है कि सत्ता के रसूख का इस्तेमाल कर अरबों रुपये की सरकारी जमीन को एक निजी ट्रस्ट के हवाले करने की कोशिश की जा रही है।
लीज की जमीन को ‘दान पत्र’ से देने का खेल
Datia दामोदर यादव ने दतिया स्थित अपने आवास पर मीडिया से बातचीत करते हुए गंभीर सवाल उठाए। उन्होंने बताया कि डबरा में सैकड़ों एकड़ जमीन पूर्व में शुगर मिल के संचालन के लिए सरकार द्वारा लीज (पट्टे) पर दी गई थी।
- आरोप: आरोप है कि इस लीज वाली जमीन को एक निजी ट्रस्ट के नाम ‘दान पत्र’ के जरिए हस्तांतरित करने का प्रयास किया गया।
- कानूनी सवाल: यादव ने तर्क दिया कि कानूनन किसी भी ‘लीज धारक’ को उस जमीन का दान पत्र लिखने या उसे मालिकाना हक के तौर पर किसी को देने का कोई अधिकार नहीं होता।
सत्ता के प्रभाव और मिलीभगत का आरोप
Datia दामोदर यादव ने इस पूरे प्रकरण में रसूखदार लोगों और प्रशासनिक अधिकारियों की मिलीभगत की आशंका जताई है। उन्होंने सवाल पूछा कि आखिर किस नियम के तहत सरकारी जमीन को एक ट्रस्ट को सौंप दिया गया? उन्होंने इसे धर्म की आड़ में किया जा रहा एक सुनियोजित भ्रष्टाचार करार दिया है, जिसका उद्देश्य बेशकीमती सरकारी संपत्ति पर अवैध कब्जा करना है।
निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की मांग
Datia दलित पिछड़ा समाज संगठन के अध्यक्ष ने सरकार से इस मामले की तत्काल उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग की है। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि इस घोटाले की निष्पक्ष जांच कर सरकारी जमीन को वापस नहीं लिया गया और दोषियों पर कार्रवाई नहीं हुई, तो वे सड़क पर उतरकर उग्र आंदोलन करेंगे।





