चीन और पाकिस्तान के रिश्ते एक बार फिर सुर्खियों में हैं। चीन के विदेश मंत्री वांग यी 21 अगस्त 2025 को इस्लामाबाद पहुंचेंगे। यह यात्रा खास इसलिए है क्योंकि बीते तीन सालों में यह उनकी पहली पाकिस्तान यात्रा होगी। यह दौरा पाकिस्तान के उप प्रधानमंत्री और विदेश मंत्री मोहम्मद इशाक डार के निमंत्रण पर हो रहा है।
रणनीतिक वार्ता का होगा छठा दौर
चीनी विदेश मंत्रालय की प्रवक्ता माओ निंग ने बताया कि वांग यी पाकिस्तान में अपने समकक्ष मोहम्मद इशाक डार के साथ मिलकर छठे दौर की चीन-पाकिस्तान विदेश मंत्रियों की रणनीतिक वार्ता की सह-अध्यक्षता करेंगे।
इस वार्ता में कई अहम मुद्दों पर चर्चा होगी, जिनमें शामिल हैं:
- द्विपक्षीय संबंधों को गहराई देना
- आर्थिक और व्यापारिक सहयोग का विस्तार
- क्षेत्रीय और अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर तालमेल
- रणनीतिक भरोसे को और मजबूत करना
चीन-पाकिस्तान रिश्तों की खासियत
माओ निंग ने कहा कि चीन और पाकिस्तान “आयरनक्लैड फ्रेंड्स” (Ironclad Friends) और हर मौसम के रणनीतिक सहयोगी साझेदार हैं। दोनों देशों के रिश्तों की खास पहचान है:
- मजबूत रणनीतिक विश्वास
- निरंतर उच्च-स्तरीय संपर्क
- नेताओं के बीच बनी सहमतियों को आगे बढ़ाना
साझेदारी के नए युग की ओर
इस दौरे को लेकर उम्मीद है कि:
- चीन और पाकिस्तान अपने रणनीतिक संवाद को और गहरा करेंगे।
- दोनों देश विभिन्न क्षेत्रों में व्यावहारिक सहयोग का विस्तार करेंगे।
- क्षेत्रीय शांति, विकास और स्थिरता को लेकर साझा प्रतिबद्धता को और मजबूत करेंगे।
- नए युग में साझा भविष्य वाली करीबी साझेदारी की दिशा में आगे बढ़ेंगे।
चीन के विदेश मंत्री वांग यी की यह यात्रा पाकिस्तान के लिए न सिर्फ कूटनीतिक रूप से अहम है, बल्कि यह दोनों देशों के बीच बढ़ते रणनीतिक रिश्तों का भी प्रमाण है। 21 अगस्त 2025 को होने वाली यह मुलाक़ात दक्षिण एशिया की राजनीति और क्षेत्रीय स्थिरता पर गहरा असर डाल सकती है।





