by: vijay nandan
हरियाणा के सोनीपत जिले के राई क्षेत्र स्थित अशोका यूनिवर्सिटी के प्रोफेसर अली खान महमूदाबाद को ‘ऑपरेशन सिंदूर’ को लेकर भारतीय महिला सैन्य अधिकारियों पर की गई आपत्तिजनक टिप्पणी के मामले में रविवार को गिरफ्तार कर लिया गया है। हरियाणा राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष रेनू भाटिया की सिफारिश पर पुलिस ने यह कार्रवाई की। गिरफ्तारी के बाद पुलिस उन्हें कोर्ट में पेश कर रिमांड की मांग करेगी।
महिला अधिकारियों के खिलाफ टिप्पणी पर कार्रवाई
प्रो. अली खान पर आरोप है कि उन्होंने ऑपरेशन सिंदूर के दौरान प्रेस ब्रीफिंग करने वाली महिला सैन्य अधिकारियों को लेकर विवादित बयान दिया था, जिसे लेकर व्यापक विरोध हुआ। महिला आयोग की अध्यक्ष रेनू भाटिया ने इस टिप्पणी को देश की बेटियों का अपमान बताया और प्रोफेसर के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की थी। उन्होंने राज्य के पुलिस महानिदेशक को पत्र लिखकर एफआईआर दर्ज करने की अनुशंसा की थी।
“मध्यप्रदेश जैसी कार्रवाई हो” – महिला आयोग अध्यक्ष
रेनू भाटिया ने अपने पत्र में लिखा कि प्रोफेसर अली खान के खिलाफ मध्यप्रदेश की तर्ज पर कठोर कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि ऐसे व्यक्ति को, जो युवाओं को दिशा देने की जिम्मेदारी निभा रहा है, विश्वविद्यालय से तत्काल हटा देना चाहिए। भाटिया ने आरोप लगाया कि प्रोफेसर का व्यवहार एक शिक्षक की गरिमा के विपरीत है और उनके बयान समाज में ज़हर घोलने का कार्य कर रहे हैं।
आयोग ने भेजा था नोटिस
इस मामले को लेकर हरियाणा राज्य महिला आयोग ने पहले ही प्रोफेसर को नोटिस जारी किया था। आयोग ने स्पष्ट किया था कि देश की सैन्य अधिकारी महिलाएं हमारे गौरव की प्रतीक हैं और उनके प्रति अपमानजनक टिप्पणी बर्दाश्त नहीं की जा सकती।
ऑपरेशन सिंदूर की पृष्ठभूमि
गौरतलब है कि 22 अप्रैल को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में एक बर्बर आतंकी हमले में भारतीय जवान शहीद हुए थे। इसके जवाब में भारतीय सशस्त्र बलों ने 7 मई को ‘ऑपरेशन सिंदूर’ चलाया था। इस ऑपरेशन के तहत पाकिस्तान और पाक अधिकृत कश्मीर (PoK) में आतंकी ठिकानों पर सटीक हमले किए गए। सुरक्षा एजेंसियों के अनुसार, इस कार्रवाई में लगभग 100 आतंकियों को मार गिराया गया था।

इस पूरे घटनाक्रम के बाद प्रोफेसर अली खान की टिप्पणी ने विवाद को जन्म दिया, जिसके चलते उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की गई है।
ये लिखी थी विवादित पोस्ट..






