Aaj ka Panchang: 30 अप्रैल 2026, गुरुवार का दिन धार्मिक और ज्योतिषीय दृष्टि से महत्वपूर्ण है। आज वैशाख शुक्ल पक्ष की चतुर्दशी तिथि रात्रि 9:13 बजे तक रहेगी, इसके बाद पूर्णिमा तिथि प्रारंभ हो जाएगी। चित्रा नक्षत्र रात 2:17 बजे तक प्रभावी रहेगा, जिसके बाद स्वाती नक्षत्र का आरंभ होगा। आज वज्र योग रात्रि 8:55 बजे तक रहेगा, इसके बाद सिद्धि योग बन रहा है, जो कार्यों में सफलता दिलाने वाला माना जाता है।
राहुकाल, दिशा शूल और शुभ चौघड़िया
आज राहुकाल दोपहर 1:30 बजे से 3:00 बजे तक रहेगा, इस दौरान शुभ कार्यों से बचना चाहिए। दिशा शूल दक्षिण दिशा में है, इसलिए इस दिशा में यात्रा टालना बेहतर रहेगा।
चौघड़िया के अनुसार सुबह से लेकर शाम तक कई शुभ समय उपलब्ध हैं, जिनमें विशेष रूप से ‘लाभ’ और ‘अमृत’ काल अत्यंत फलदायी माने गए हैं।
ग्रह-गोचर और विशेष योग
आज चंद्रमा दोपहर 1:14 बजे तक कन्या राशि में रहेगा, इसके बाद तुला राशि में प्रवेश करेगा। वहीं बुध ग्रह सुबह 6:52 बजे अश्विनी नक्षत्र में मेष राशि में प्रवेश करेगा।
आज रवियोग भी बन रहा है, जो रात्रि 2:17 बजे तक रहेगा। इसके साथ ही भद्रा का प्रभाव रात्रि 9:13 बजे से शुरू होगा, इसलिए महत्वपूर्ण निर्णय लेते समय सावधानी जरूरी है।
व्रत-त्योहार और धार्मिक महत्व
आज का दिन धार्मिक दृष्टि से भी खास है। छिन्नमस्ता जयंती, श्री नृसिंह जयंती और आदि शंकराचार्य कैलाश गमन से जुड़े आयोजन इस दिन किए जाएंगे। इसके अलावा गुरु अमरदास जयंती भी मनाई जाएगी। विवाह जैसे शुभ कार्य चित्रा नक्षत्र में किए जा सकते हैं।
आज जन्म लेने वाले बच्चों का राशिफल
आज दोपहर 1:14 बजे तक जन्म लेने वाले बच्चों की राशि कन्या होगी, इसके बाद जन्म लेने वालों की राशि तुला मानी जाएगी।
चित्रा नक्षत्र में जन्म लेने वाले बच्चों का स्वभाव कलात्मक और प्रभावशाली होता है, वहीं स्वाती नक्षत्र वाले बच्चे स्वतंत्र विचारों वाले होते हैं।
नामकरण के लिए पे, पो, र, री, रू अक्षर शुभ माने गए हैं।
राशि अनुसार स्वभाव की झलक
कन्या राशि के स्वामी बुध होते हैं, इसलिए इस राशि के जातक बुद्धिमान, लेखन और व्यापार में कुशल होते हैं। वहीं तुला राशि के स्वामी शुक्र हैं, जिससे ये लोग सौम्य, आकर्षक और कला प्रेमी होते हैं।





