BY: Yoganand Shrivastva
ग्वालियर: अतिरिक्त सत्र न्यायालय ने शुक्रवार को एक हत्या के मामले में आरोपी पिता और पुत्र को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। दोनों ने पड़ोसी पर फावड़े के बेंत से हमला कर उसकी हत्या कर दी थी। वहीं, इसी मामले में शामिल एक महिला आरोपी को सबूतों के अभाव में बरी कर दिया गया है।
गैलरी के शीशे को लेकर शुरू हुआ विवाद
यह घटना 9 दिसंबर 2022 को थाटीपुर के कुम्हरपुरा क्षेत्र में हुई थी। शासकीय अधिवक्ता एम.पी. बरुआ के अनुसार, मृतक राजू चौकोटिया अपने घर के बाहर बैठे थे, तभी पड़ोसी राजेश चौकोटिया ने गैलरी में रखे शीशे को लेकर विवाद शुरू कर दिया। जब राजू ने गाली-गलौज का विरोध किया, तो राजेश ने शीशा तोड़ दिया और झगड़ा बढ़ गया। इसी दौरान राजेश के बेटे अंकित उर्फ अनिकेत ने फावड़े का बेंत उठाकर राजू के सिर पर वार कर दिया। बीच-बचाव करने पहुंचे राजू के बेटे और भतीजे के साथ भी आरोपियों ने मारपीट की। इसके बाद थाटीपुर थाने में एफआईआर दर्ज की गई।
इलाज के दौरान गई जान, कोर्ट का फैसला
हमले में सिर पर गंभीर चोट लगने से राजू को जेएएच अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। पुलिस ने जांच पूरी कर राजेश चौकोटिया, अंकित चौकोटिया और रचना चौकोटिया के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर चालान कोर्ट में पेश किया। सभी पक्षों की दलीलें सुनने के बाद न्यायालय ने राजेश और उसके पुत्र अंकित को आजीवन कारावास की सजा सुनाई, जबकि रचना को साक्ष्य के अभाव में दोषमुक्त कर दिया।





