BY: Yoganand Shrivastva
ग्वालियर | जयारोग्य चिकित्सालय (JAH) परिसर के पास उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब एक कार अचानक धुएं से भर गई और देखते ही देखते आग की चपेट में आ गई। गनीमत रही कि कार में बैठे लोग समय रहते बाहर निकल गए, जिससे बड़ा हादसा टल गया।
कैसे हुआ हादसा?
लक्ष्मण सूर्यवंशी नामक व्यक्ति मरीज को लेकर नाका चंद्रवदनी से आए थे। उन्होंने मरीज को स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. अर्चना मौर्य के बंगले पर उतारा और अपनी कार डॉ. यशोधरा गौर के बंगले के बाहर खड़ी कर दी। थोड़ी देर बाद कार से धुआं निकलने लगा।
धुआं उठता देख कार में बैठे चारों लोग तुरंत बाहर निकल गए। कुछ ही क्षणों में कार में आग भड़क उठी और पूरी तरह लपटों में घिर गई।
अस्पताल स्टाफ ने पाया काबू
घटना की जानकारी मिलते ही वर्कशॉप प्रभारी अतर सिंह जाटव और अस्पताल के अन्य कर्मचारी मौके पर पहुंचे। उन्होंने मिलकर आग बुझाने का प्रयास किया और हालात को काबू में लिया।
मार्ग रहा बाधित
इस दौरान करीब 10 मिनट तक केआरएच मार्ग बाधित रहा। आग लगने से कार पूरी तरह जलकर खाक हो गई। हालांकि, किसी की जान को नुकसान नहीं हुआ।





